आगरा के खेड़ा राठौर के सन्नपुरा गांव में सोमवार शाम 7:30 बजे एक लकड़बग्घे ने युवक पर हमला कर दिया। शौच के लिए बीहड़ में गए सुनील कुमार पर हुए इस हमले में उनकी अंगुली कट गई। हालांकि, सुनील ने हिम्मत दिखाते हुए वन्यजीव से अपनी जान बचाई।
सन्नपुरा गांव निवासी सुनील कुमार अपने ताऊ के बेटे प्रीतम सिंह के साथ सोमवार शाम चंबल के बीहड़ की ओर गए थे। प्रीतम सिंह खेत की मेड़ पर बैठे थे, जबकि सुनील खेत की ओर गए। तभी बाजरे के खेत से एक लकड़बग्घा आया और सुनील के बाएं हाथ की तर्जनी अंगुली को जबड़े में जकड़ लिया। लकड़बग्घे ने उनके बाएं हाथ की तर्जनी अंगुली का मांस नोच लिया। सुनील ने दूसरे हाथ से वन्यजीव का कान मजबूती से पकड़ लिया।
इस तरह उन्होंने अपनी अंगुली लकड़बग्घे के चंगुल से छुड़ाई। सुनील का शोर सुनकर उनके भाई प्रीतम सिंह तुरंत मौके पर दौड़े। उन्होंने लकड़बग्घे को वहां से भगा दिया। घायल सुनील कुमार को तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बाह में भर्ती कराया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें एसएन मेडिकल कॉलेज आगरा रेफर कर दिया गया।
सुनील कुमार ने बताया कि लकड़बग्घे ने अचानक उन पर हमला किया। उन्होंने अपनी सूझबूझ और हिम्मत से लकड़बग्घे का सामना किया। प्रीतम सिंह की समय पर मदद से उनकी जान बच सकी। यह घटना चंबल के बीहड़ के किनारे बसे गांव में हुई।
वन विभाग का बयान
वन क्षेत्र अधिकारी कुलदीप सहाय पंकज ने लकड़बग्घे के हमले की सूचना मिलने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि बरसात के मौसम में जंगली जानवर बीहड़ से बाहर आ जाते हैं। नदी किनारे के ग्रामीणों को पहले से ही जागरूक किया जा रहा है। सन्नपुरा गांव के लोगों को भी इस संबंध में जागरूक एवं सचेत किया जाएगा।