संक्रमित मरीजों के लिए होम आइसोलेशन कारगर साबित हो रहा है। मानसिक सेहत तो ठीक है ही आयुर्वेद और बुखार-खांसी की दवा से मर्ज ठीक हो रहा है। हालत यह है कि कुल मरीजों में से आधे से ज्यादा मरीज घर में ही ठीक हो गए हैं।
अभी तक कोरोना के 6459 मरीज मिल चुके हैं। इसमें से 3249 मरीज होम आइसोलेशन में रहे। इनमें से 2917 मरीजों ने ठीक होकर कामकाज संभाल लिया है। 332 मरीज अभी भी होम आइसोलेशन में हैं।
घर में रहकर गुनगुना पानी, दूध, हर्बल चाय, फल, च्यवनप्राश, दाल, चपाती, रोग प्रतिरोधक दवाएं खा रहे हैं। बुखार-खांसी और गले में दिक्कत होने पर चिकित्सक की ओर से लिखी गईं दवाएं ले रहे हैं। दोबारा जांच कराने पर पांच से सात दिन में ही पहली रिपोर्ट निगेटिव आ रही है।