मुगल शहंशाह अकबर के मकबरे सिकंदरा में जब नए साल में घूमने जाएंगे तो वीडियो फिल्म और पुरानी पेंटिंग के जरिए मकबरे का निर्माण और इसका इतिहास समझ सकेंगे। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की ओर से मकबरे में इंटरप्रिटेशन सेंटर का निर्माण किया जा रहा है। सिकंदरा स्मारक के मुख्य प्रवेश द्वार के पूर्वी दालान में टॉयलेट ब्लॉक से पहले काम शुरू कर दिया गया है। जालियों के जरिए दालान को कवर कर यहां बड़ा एलईडी लगाया जाएगा और एत्माद्दौला की तरह पुरानी पेंटिंग और सिकंदरा के निर्माण की कहानी बयां की जाएगी।
एएसआई के अधीक्षण पुरातत्वविद राजकुमार पटेल ने बताया कि अकबर के मकबरे में पर्यटकों को स्मारक के इतिहास, वास्तुकला व समय-समय पर हुए संरक्षण कार्यों की जानकारी मिल सकेगी। इस पर 18 लाख रुपये व्यय होंगे। सिकंदरा पर आधारित डाक्यूमेंट्री का प्रदर्शन भी यहां किया जाएगा। पूर्वी दालान में सेंटर बनाने के लिए इन दिनों सिविल वर्क का काम किया जा रहा है। लोहे का जालीदार फ्रेम बनाकर लगाने का काम चल रहा है।
उन्होंने बताया कि जी-20 की मेजबानी मिलने के बाद इस सेंटर के निर्माण का काम जल्द पूरा कराया जाएगा, ताकि विदेशी पर्यटकों के सिकंदरा भ्रमण के दौरान इंटरप्रिटेशन सेंटर में उन्हें जानकारी दी जा सके। सिकंदरा के साथ ही फतेहपुर सीकरी में भी इंटरप्रिटेशन सेंटर का काम शुरू किया जाएगा।