पंजाब और हरियाणा में किसान आंदोलन के कारण आगरा के कंबल, ऊनी कपड़े, हौजरी, नट बोल्ट, इंजन पार्ट्स से लदे करीब 80 ट्रक फंस गए हैं। बुधवार की रात से ट्रकों की आवाजाही बंद हो गई। गुरुवार को आगरा में भी पंजाब की बुकिंग नहीं ली गईं। इससे 36 घंटे के भीतर ही करीब 50 करोड़ रुपये का माल फंस गया है।
आगरा में सर्दियों के सीजन में ऊनी कपड़े, जैकेट, स्वेटर, हौजरी का सामान लुधियाना, पानीपत, सोनीपत, अमृतसर, जालंधर से आते हैं। इसी तरह करनाल से कृषि यंत्र, पखवाड़ा से इंजन पार्ट्स की सप्लाई होती है। हरियाणा के कुरुक्षेत्र, समाल खां, पंजाब के मलेर कोटला, धुरी से भी कपड़े, साइकिल पार्ट्स, खानपान का सामान यहां से जाता है। बुधवार से आगरा आने वाले ट्रक फंस गए हैं। इन्हें ट्रांसपोर्टर्स ने सुरक्षित स्थानों पर खड़ा करवा दिया है।
'हमने बुकिंग बंद कर दी है'
आगरा गुड्स कैरियर एसोसिएशन के अध्यक्ष दीपक शर्मा ने कहा कि पंजाब, हरियाणा से आने वाले माल के ट्रक फंस गए हैं। यहां से पंजाब, हरियाणा की ओर जाने वाले जूता, कपड़े, लैदर के माल की बुकिंग भी बंद कर दी गई है। अगर स्थिति जल्दी नहीं सुधरी तो बड़ा नुकसान होगा। आगरा का लगभग 50 करोड़ का माल फंसा है।