अपराधी को सजा मिलने की बात तो सुनी होगी, लेकिन भगवान को भी सजा मिलती है। इसका उदाहरण मैनपुरी कोतवाली के मालखाने में देखने को मिलता है।
यहां करीब 35 वर्षों से देवी मूर्ति रखी हुई है। किसी विवाद के बाद देवी मूर्ति को मालखाने में लाया गया था। इसके बाद से आज तक कोई निस्तारण नहीं हो सका है। रिकार्ड के नाम पर भी पुलिस के पास कुछ भी नहीं है।
कोतवाली के मालखाने में करीब 35 वर्षों से बंद भगवान की सुध किसी को नहीं है। मालखाने में प्राचीन देवी मूर्ति पर धूल और मिट्टी जमा हो चुकी है। कई जगह से प्रतिमा खंडित भी चुकी है।