कासगंज के नगला सैय्यद अहरौली में बंद पड़ा एमआरएफ सेंटर।
कासगंज। कचरा निस्तारण के लिए बनाया गया मेटेरियल रिकवरी फैसेलिटी सेंटर (एमआरएफ ) का संचालन नहीं हो पा रहा है। इससे एमआरएफ सेंटर में कचरा निस्तारण के लिए स्थपित की गई मशीनें बेकार पड़ी हैं। शहर से निकलने वाले कूड़े-कचरें को पालिका कर्मियों द्वारा काली नदी और बिलराम हजारा नहर के पास फेंका जा रहा है। सड़क किनारे लगे कूड़े से उठती दुर्गंध से लोग परेशान हैं। शहरी क्षेत्र की आबादी करीब एक लाख से अधिक है। प्रतिदिन घरों से करीब 30 मीट्रिक टन कूड़ा निकालता है। नगर पालिका कर्मियों द्वारा कूड़े को काली नदी पुल के पास और बिलराम हजारा नहर के पास फेंका जा रहा है। इससे अलग-अलग स्थानों पर सड़क किनारे गंदगी के ढेर लगे हुए हैं। गंदगी के ढेर से उठने वाली दुर्गंध से मार्ग से गुजरने वाले लोगों को दिक्कतें होती है। मनोज शाक्य, रमेश कुमार ,लटूरी सिंह, धारासिंह, चंद्रपाल ने बताया कि कचरा निस्तारण के लिए बनाए गए एमआरएफ सेंटर का संचालन करीब छह माह से नहीं हो पा रहा है। एमआरएफ सेंटर पर कचरा निस्तारण के लिए लगाई गई मशीनें धूल फांक रही है। प्रभारी अधिशाषी अधिकारी एवं एसडीएम संजीव कुमार ने बताया कि टेंडर प्रक्रिया कर शीघ्र एमआरएफ सेंटर को संचालित किया जाएगा। क्षेत्रों में फेंके गए कूड़े को एकत्रित कर उसका एमआरएफ सेंटर पर निस्तारण किया जाएगा।