बाह। चंबल नदी की बाह रेंज में मगरमच्छ की हैचिंग हो रही है। अंडों और बच्चों के नुकसान को लेकर हैचिंग पीरियड में मगरमच्छ हमलावर हो गए हैं। बाह के रेंजर कुलदीप सहाय पंकज ने नदी के विभिन्न घाटों पर मगरमच्छ के हमले को लेकर चेतावनी बोर्ड लगाए हैं, तटवर्तीय 38 गांवों के लोगों को नदी क्षेत्र में न जाने के लिए सतर्क भी किया है। गंगा दशहरा पर बुधवार को मगरमच्छ के हमले की दहशत पर आस्था भारी पड़ गई। नदी के कैंजराघाट पर चंबल नदी में डुबकी लगाने के लिए दिन भर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी।
महिलाओं में रमिता, कामनी, कौशल्या, देवकी एवं पुरुष सोमेंद्र, चंद्रपाल, रमेश चंद, जनवेद ने बताया कि मगरमच्छ के हमले के डर के बीच हजारों श्रद्धालुओं ने चंबल नदी में आस्था की डुबकी लगाई है। बता दें कि चंबल नदी के कैंजराघाट पर पिछले साल 13 मई को गौंसिली के करन एवं 4 जून को बिचोला के राघवेंद्र सिंह मगरमच्छ के हमले में घायल हुए थे। दोनों पर नदी में नहाते समय मगरमच्छ ने हमला किया था। मगरमच्छ के दो हमलों से लोगों ने सबक नहीं लिया है।