मैनपुरी। विकास खंड जागीर की ग्राम पंचायत नखतपुर में प्रधान और सचिव ने मिलकर लाखों का फर्जीवाड़ा कर डाला। एक शिकायत पर जांच हुई तो पूरा मामला खुलकर सामने आ गया। जांच रिपोर्ट के आधार पर जिलाधिकारी ने प्रधान को पंचायती राज अधिनियम की धारा 95 जी के तहत नोटिस जारी किया है।
गांव नखतपुर निवासी नेत्रपाल सिंह ने जिलाधिकारी से शिकायत की थी कि उनकी ग्राम पंचायत में सरकारी धनराशि का गबन किया गया है। उन्होंने जांच कराने की मांग की थी। शिकायत पर मुख्य विकास अधिकारी ने जिला विकास अधिकारी और अवर अभियंता आरईडी सुल्तानगंज को जांच अधिकारी बनाया था। दोनों ने संयुक्त रूप से ग्राम पंचायत में जांच की।
जांच में पता चला कि ग्राम पंचायत में 5.22 लाख रुपये का फर्जीवाड़ा किया गया। जांच रिपोर्ट समिति ने मुख्य विकास अधिकारी को सौंपी थी। इसी के आधार पर जिलाधिकारी ने प्रधान बादामश्री को पंचायती राज अधिनियम की धारा 95जी के तहत नोटिस जारी किया है। 15 दिन में साक्ष्य के साथ जवाब न देने पर प्रधान के अधिकार सीज कर दिए जाएंगे। बीते एक सप्ताह में ग्राम पंचायतों में हुए घोटाले में ये दूसरी कार्रवाई है। इससे पूरे पंचायत राज विभाग में खलबली मच गई है।
इन कार्यों में किया गया गोलमाल
ग्राम पंचायत में कई कार्यों के नाम पर सरकारी धनराशि का बंदरबांट किया गया। जांच में सामने आया है कि नाली निर्माण, इंटरलॉकिंग, हैंडपंप मरम्मत, सीसी रोड और विद्यालय की मरम्मत के नाम पर धनराशि निकाली गई, लेकिन इस धनराशि से कार्य नहीं कराया गया।
एक शिकायत पर मुख्य विकास अधिकारी ने दो सदस्यीय समिति को जांच सौंपी थी। जांच रिपोर्ट के आधार पर जिलाधिकारी द्वारा प्रधान को 95जी का नोटिस जारी किया गया है। साक्ष्य सहित जवाब न देने पर अधिकार सीज किए जाएंगे।
स्वामीदीन, डीपीआरओ।