चंबल सैंक्चुअरी क्षेत्र के विप्रावली इलाके में ऊंटों से बालू का खनन का मामला सामने आया है। वन विभाग की टीम के साथ कोई भी हाथ नहीं लग सका। वहीं ग्रामीणों ने वन उपनिरीक्षक पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
आगरा के पिनाहट के चंबल सैंक्चुअरी क्षेत्र के विप्रावली इलाके में वन विभाग टीम की टीम ने शनिवार सुबह ऊंटों से बालू के अवैध खनन करने की सूचना पर छापा मारा। टीम को देखकर खनन करने वाले भाग निकले। वन विभाग ने नौ लोगों के खिलाफ विभागीय केस दर्ज किया है।
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वन उपनिरीक्षक राहुल जादौन के मुताबिक वे शनिवार की सुबह करीब चार बजे विप्रावली गांव के पास टीम के साथ गश्त कर रहे थे। तभी कुछ लोग बालू का अवैध खनन कर ऊंटों पर लादते हुए दिखाई दिए। वन विभाग टीम ने पहुंचकर आरोपियों को पकड़े का प्रयास किया। खुद को घिरता देख खनन करने वाले बालू को फैलाकर अपने-अपने ऊंटों पर बैठकर अंधेरे का फायदा उठाकर भाग गए। टीम ने टॉर्च की रोशनी से खनन करने वाले लोगों को पहचान लिया। वहीं मौके पर पहुंच कर प्रभावित क्षेत्र की नाप की। साथ ही टीम ने 9 लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर विभागीय कार्रवाई की है।
वहीं एक ग्रामीण की ओर से वीडियो भी वायरल किया गया है। इसमें ऊंटों के जले हुए पलान दिख रहे हैं। वीडियों में ग्रामीण की ओर से आरोप लगाए गए हैं कि सुविधा शुल्क नहीं देने पर वनकर्मियों ने उनके ऊंटों के पलान जलाए हैं। मामले में रेंजर बाह कुलदीप सहाय पंकज का कहना है कि ग्रामीण कार्रवाई से बचने के लिए झूठे आरोप लगा रहे हैं।