लॉकडाउन में तीर्थनगरी वृंदावन के मंदिर भले ही बंद हो, लेकिन विदेशी श्रद्धालुओं की श्रद्धा परवान चढ़ी हुई है। वो लॉकडाउन में भी मंदिरों के बाहर कीर्तन करके झूम रहे हैं। इस दौरान वो मंदिर से मिलने वाले प्रसाद की मांग करने से भी पीछे नहीं हट रहे हैं।
इस्कॉन मंदिर को वृंदावन में सबसे पहले बंद कर दिया गया था। एहतियात के तौर पर अंदर रह रहे लगभग 75 ब्रह्मचारियों को भी अंदर ही रहने के निर्देश मंदिर के अधिकारियों ने दिए थे। तब से लेकर अब तक सभी ब्रह्मचारी तथा अन्य लोग अंदर ही रहते हैं। इसके बाद भी इस्कॉन के आसपास रह रहे विदेशी भक्त आरती के समय मंदिर के गेट के सामने पहुंच जाते हैं और आरती के समय संकीर्तन कर रहे हैं।
बृहस्पतिवार को संकीर्तन करते हुए अर्जेंटीना के महाबाहुदास ने बताया कि वो करीब एक महीने पहले वृंदावन आए थे और अब वो एक भी दिन कृष्ण रस के बिना नहीं रह सकते। वो प्रतिदिन दोपहर को आरती के समय मंदिर के बाहर आकर आरती का आनंद लेते हैं।