एसएन के लिए ‘नासूर’ बन गई गंदगी
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चिकित्सकीय शिक्षा में कोई जवाब नहीं। बेहतर फैकल्टी, ऐतिहासिक महत्व भी। इन सारी खूबियों के बीच एसएन मेडिकल कालेज के दामन पर गंदगी का दाग भी लगा हुआ है। बीते महीनों में एसएन का निरीक्षण कर चुके चिकित्सा शिक्षा राज्यमंत्री राधेश्याम सिंह ने लखनऊ में एसएन मेडिकल कालेज को सबसे गंदे कालेज में यू हीं शुमार नहीं किया। गंदगी, एसएन के लिए तो मानो नासूर बन गई है। विभाग, वार्ड यहां तक कि परिसर अछूते नहीं। सड़क पर बहता सीवर का पानी, प्राइवेट वार्ड के पीछे बना कीचड़ का दलदल, आम है। कचरा उठता नहीं, मेडिकल वेस्ट सभी परिसर में बिखरा हुआ है।
हड़ताल पर मौत तो जुर्माना देंगे डाक्टर
हड़ताल के दौरान मरीज की मौत होने पर 25 लाख का भुगतान चिकित्सकों को करना होगा। हाई कोर्ट के इस निर्णय की कापी एसएन मेडिकल कालेज को प्राप्त हुई है। डीजीएमई की ओर से आए पत्र को प्राचार्य ने सभी विभागाध्यक्षों को प्रेषित कर दिया है।
एसएन में ऑडिट को आई टीम
एसएन मेडिकल कालेज में ऑडिट करने के लिए इलाहाबाद से दो सदस्यीय टीम आई। टीम ने बीते वित्तीय वर्ष से जुड़ा रिकार्ड मांगा। इसमें सरकारी बजट, व्यय जैसी तमाम जानकारियों प्रमुख हैं। प्राचार्य डा. एसके गर्ग ने बताया कि टीम जो भी दस्तावेज मांग रही है, उसे उपलब्ध कराया जा रहा है।