कासगंज। जिले में विगत महीनों लिए गए दूध एवं खाद्य पदार्थों के सैंपलों में से जांच में 112 सैंपल फेल हो गए। मामले में मिलावट करने वालों के खिलाफ खाद्य विभाग ने परिवाद दर्ज कराया है।
खाद्य एवं औषधि विभाग निरंतर मिलवाट के खिलाफ अभियान चला रहा है। इस साल विगत चार महीनों में खाद्य एवं औषधि विभाग ने अभियान चलाकर जिलेभर से दूध और खाद्य पदार्थों के नमूने संकलित किए। इन सभी नमूनों को जांच के लिए लखनऊ प्रयोगशाला भेजा गया।
विगत एक माह से अब तक 182 नमूनों की जांच रिपोर्ट विभाग को मिली है। इनमें से 112 नमूने जांच में फेल पाए गए। पाया गया है कि दूध एवं खाद्य पदार्थों में जमकर मिलावट की गई है। जांच में फेल सभी नमूनों का परीक्षण करने के बाद खाद्य विभाग ने संबंधित विक्रेताओं के खिलाफ परिवाद दर्ज करा दिया है।
एसडीएम ने मंगाई रिपोर्ट
विगत दिनों एसडीएम सदर ललित कुमार ने सोरों क्षेत्र के गांव हरनाथपुर में एक दुग्ध संग्रह केंद्र में मिलावट का बड़ा मामला पकड़ा था। उन्होंने यहां से एक क्विंटल दूध नष्ट कराने के बाद जांच के लिए भेजे गए दूध एवं केमिकल हाइड्रोपरॉक्साइड एवं माल्टो डेक्सट्रीन के नमूनों की जांच रिपोर्ट लखनऊ प्रयोगशाला से मांगी है। खाद्य एवं औषधि विभाग को निर्देशित किया है कि विगत दिनों भेजे गए नमूनों की जांच रिपोर्ट मंगाकर कार्रवाई करें। वहीं तीन दिन पहले की गई छापेमारी के दौरान लिए गए नमूनों की त्वरित जांच के लिए लखनऊ प्रयोगशाला के टेक्नीशियन को अनुरोध पत्र लिखा है।
रिपोर्ट मिलने के बाद की कार्रवाई
- विभाग की ओर से पिछले चार महीनों में 182 नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए। इसी महीने 112 नमूने फेल पाए गए हैं। संबंधित खाद्य पदार्थ विक्रेताओं के खिलाफ परिवाद दर्ज करा दिया गया है।
- नादिर अली, जिला अभिहित अधिकारी।