तस्करों से छुड़ाए गए पांच भालुओं को लाकर आगरा के कीठम स्थित भालू संरक्षण केंद्र में रखा गया है। इन्हें भारत-नेपाल सीमा से छुड़ाया गया था। पहले उपचार के लिए रांची के भगवान बिरसा जूलॉजिकल पार्क में अस्थायी रुप से रखा गया। अब यहां भेजा गया है।
वन विभाग और पुलिस ने संस्था वाइल्डलाइफ एसओएस द्वारा उपलब्ध कराई गई खुफिया जानकारी के आधार पर एंटी-पोचिंग अभियान चलाया। वन्य जीव तस्करों द्वारा भालुओं को अन्य बिचौलियों को बेचने के इरादे से ले जाया जा रहा था।
भालू के पित्ताशय और शरीर के अन्य अंगों का उपयोग चीन में दवा में किया जाता है और इसी कारण से यह तस्कर भालू को निशाना बनाते हैं। अपराधियों ने लोहे की रॉड से इन भालुओं के दांतों को भी तोड़ दिया था।