किशोरी का अपहरण कर दुष्कर्म और उसे बेचने, धमकाने के मामले में अदालत ने एक महिला सहित पांच आरोपियों को दोषी माना। विशेष न्यायाधीश एसटी-एसटी एक्ट शिव कुमार ने तीन को उम्रकैद, एक को 7 साल और महिला को 1 साल कारावास के साथ जुर्माने की सजा सुनाई।
थाना मलपुरा में दर्ज केस के अनुसार 1 जून 2007 को किशोरी के पिता ने तहरीर दी थी। आरोप लगाया था कि 1 अप्रैल 2007 को गढ़ी हरलाल निवासी प्रीतम उनकी 15 साल की बेटी को आलू खोदने के लिए घर से बुलाकर अपने साथ ले गया था। कई दिनों तक तलाश करने पर पता चला कि आरोपी प्रीतम अपने गांव के हाकिम और उसके साले बाबू के साथ बेटी को बहलाकर ले गया है।
इटावा की विजय नगर कॉलोनी में शिवराज राठौर भैंस वाले के मकान में द्रोपदी नाम की महिला की सलाह से 50 हजार रुपये में विजय से बेटी का सौदा कर दिया। पुलिस ने 2 जून 2007 को आरोपी विजयपाल, हाकिम, प्रीतम, बाबू और द्रोपदी को गिरफ्तार कर किशोरी को उनके कब्जे से बरामद किया। 4 जून 2007 को मुकदमे में 376 और एससी-एसटी एक्ट की धारा बढ़ाई। 23 जुलाई को अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया।
पीड़िता ने बयानों में बताई आपबीती
पीड़िता ने कहा कि 1 अप्रैल 2007 की सुबह 8 बजे आरोपी प्रीतम उसके घर आया। आलू खुदवाने के बहाने खेत पर ले गया। उस समय वह 15 साल की थी। वहां ले जाकर आलू नहीं खुदवाए बल्कि ट्यूबवेल पर ले गया। वहां कमरे के अंदर प्रीतम का चाचा हाकिम मौजूद था। दोनों ने दरवाजा बंद कर लिया। सिर पर तमंचा रखकर धमकी दी। इसके बाद उसके अंदर बंद कर चले गए। रात को लौटकर आए निकालकर एक ट्रक में बैठाकर इटावा ले गए। वहां द्रोपदी और बाबू मिले। वहां द्रोपदी घर ले गई। 10 दिन तक सभी ने दुष्कर्म किया। वहां से सिसिया का नगला ले गए और 50 हजार रुपये में विजय को बेच दिया। उसने भी करीब 20-25 दिन अपने साथ रखा और दुष्कर्म किया था।
इन आरोपियों को मिली सजा
- थाना मलपुरा क्षेत्र के गढ़ी हरलाल निवासी प्रीतम को उम्रकैद के साथ 80 हजार रुपये जुर्माना
- थाना मलपुरा क्षेत्र के गढ़ी हरलाल निवासी हाकिम को उम्रकैद के साथ 80 हजार रुपये का जुर्माना
- इटावा के थाना सैफई के गांव सिसिया निवासी विजयपाल को उम्रकैद के साथ 40 हजार रुपये जुर्माना
- इटावा के विजय नगर थाना सिविल लाइन निवासी बाबू को 7 साल कारावास के साथ 41 हजार रुपये जुर्माना
- इटावा के विजय नगर थाना सिविल लाइन निवासी द्रोपदी को 1 साल कारावास