समिति में शामिल डॉ. जावेद, अमरीश बाबू और डॉ. मीरा सिंह ने विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। जांच के दौरान मोतीलाल रामनाथ डिग्री कॉलेज, सिद्धांतराज डिग्री कॉलेज बाह और श्री जगन्नाथ प्रसाद डिग्री कॉलेज में परीक्षा व्यवस्था में गंभीर खामियां पाई गईं।
समिति ने बताया कि निरीक्षण में सामने आया कई परीक्षा कक्षों में लगे सीसीटीवी कैमरे विश्वविद्यालय के नेटवर्क से जुड़े ही नहीं थे, जिससे निगरानी व्यवस्था पूरी तरह ठप रही। इसके अलावा कई परीक्षार्थियों की कॉपियां परीक्षा शुरू होने के करीब डेढ़ घंटे बाद भी खाली पाई गईं, जिससे अंतिम समय में सामूहिक नकल कराकर उत्तर भरवाने की आशंका जताई। साथ ही बताया कि परीक्षा कक्षों में तैनात पर्यवेक्षकों के पास मोबाइल फोन मौजूद थे, जो नियमों का उल्लंघन है। कुछ केंद्रों पर परीक्षार्थियों को एक ही सेट का प्रश्नपत्र दिया गया। और सब अगल बगल बैठा दिए थे।
समिति ने इन सभी बिंदुओं को अपनी विस्तृत रिपोर्ट में शामिल कर विश्वविद्यालय प्रशासन को सौंप दिया है। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल नोडल अधिकारी की ओर से संबंधित तीनों परीक्षा केंद्रों को ब्लैकलिस्ट कर दिया गया है।