आगरा। लखनऊ मुख्यालय की औषधि विभाग की टीम ने फव्वारा में अस्थमा-सांस रोग की नकली दवा बनाने का खेल भी पकड़ा है। टीम ने दवा माफिया के घर से नामी कंपनियों के 8 हजार प्रिंटेड स्टीकर बरामद किए हैं। स्टीकर लगाकर नकली दवा बाजार में खपाई जा रही थी। मौके से आरोपी फरार हो गया। वहीं टीम ने दवाओं के दो गोदाम भी सील किए हैं। इनके संचालक छापे के समय गोदाम बंदकर भाग गए थे। रविवार को जब्त किए गए कार्टन में 55 तरह की दवाएं मिली हैं। जांच के लिए पांच नमूने लिए गए हैं।
सहायक आयुक्त औषधि अतुल उपाध्याय ने बताया की नकली-सैंपल दवाओं के अवैध कारोबार की शिकायत पर लखनऊ मुख्यालय की टीम ने पांच जगहों पर छापा मारा। इसमें मंटोला के हींग गली फव्वारा निवासी जुबैर के घर की जांच की गई। मौके फोराकोर्ट इनहेलर दवा के 8000 प्रिंटेड स्टीकर मिले हैं। ये दवा अस्थमा और क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज (सीओपीडी) के इलाज में उपयोग होती है।
नकली दवा बनाकर नामी कंपनी के स्टीकर लगाकर अवैध कारोबार किया जा रहा था। आरोपी के परिजन स्टीकर कहां से लाए, कहां छपवाए गए, इसकी जानकारी नहीं दे सके। स्टीकर जब्त कर प्राथमिकी दर्ज कर जांच की जा रही है।
वहीं फव्वारा के कमला बाजार स्थित माहेश्वरी कॉम्पलेक्स की तीसरी मंजिल से लावारिस हाल में रविवार को मिले दवाओं के छह कार्टन में 55 तरह की दवाएं मिली हैं। इनमें से 3.20 लाख रुपये की स्पासमो प्रॉक्सीवन (ट्रामाडॉल) कैप्सूल को छोड़कर बाकी 54 दवाएं फिजीशियन सैंपल की हैं। अधिकांश दवाएं कम मात्रा में हैं। ऐसे में पांच दवाओं के नमूने जांच के लिए लैब भेजे गए हैं। अन्य दवाओं में एंटीबायोटिक, नींद, पेट दर्द समेत कई बीमारियों की दवाएं हैं। कार्रवाई के दौरान दो गोदाम संचालक भाग गए थे। इन पर फर्म के नाम का बोर्ड नहीं लगा था। टीम ने दोनों गोदाम सील कर दिए। संचालकों के सामने नहीं आने पर दवाओं को जब्त कर लिया जाएगा।
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10 मेडिकल स्टोर-फर्म संचालक रडार पर
लखनऊ मुख्यालय से गठित की गई नौ जिलों के अधिकारियों की टीम ने 35 घंटे तक दवा बाजार में जांच की। टीम के रडार पर 10 मेडिकल स्टोर और फर्म संचालक हैं। पांच स्थानों पर जांच कर कार्रवाई के बाद टीम रिपोर्ट बनाकर लौट गई। इसकी काॅपी स्थानीय औषधि विभाग को भी दी है। 10 मेडिकल स्टोर और फर्म को नोटिस देकर जांच की जाएगी।
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इन दवाओं के लिए हैं नमूने
स्पास्मोप्राक्सीवान प्लस, मेगा सीपी 625, बीटाडिन आइनमेंट, यूरोफिल 300, डैपामैक।