बांकेबिहारी मंदिर में तो इतनी भीड़ रहती है कि जगह तक नहीं मिलती। लेकिन गुजरे रविवार (6 मई) को 40 फीसदी भीड़ कम पहुंची।
मंदिर के सेवायत प्रहलाद बल्लभ गोस्वामी ने बताया कि रविवार को तो भीड़ कम थी ही सोमवार को भी यही हाल रहा। श्रीकृष्ण जन्मस्थान संस्थान के सदस्य गोपेश्वर नाथ चतुर्वेदी ने बताया कि जिस तरह सरकार अलर्ट जारी कर रही हैं।
स्कूलों की छुट्टियां की जा रही हैं उससे लोगों में कहीं न कहीं भय तो पैदा होता ही है। जाहिर सी बात है कि बाहर से आने वाले लोग कम निकलेंगे।
वृंदावन के इस्कॉन मंदिर में मीडिया प्रभारी सच्चि गौरदास का कहना है कि भीड़ सबसे ज्यादा शनिवार और रविवार को रहती है। शनिवार को तो कोई फर्क नहीं दिखा।
लेकिन रविवार को बीस फीसदी तक की कमी देखी गई। वहीं, प्रेम मंदिर के अजय त्रिपाठी का कहना है कि इस बार रविवार को उनके यहां पंद्रह फीसदी लोग कम पहुंचे हैं।
बरसाना, नंदगांव, गोकुल, महावन और बलदेव में भी रविवार और सोमवार को बाहर से आने वाले लोगों की भीड़ कम रही। माना जा रहा है कि मंगलवार को भी यही स्थिति रहेगी। शहर के कई बड़े होटलों में 7 और 8 मई की जो बुकिंग थी वह भी रद्द हो गई है।