तीर्थनगरी कासगंज में जल्द पेयजल संकट खत्म होगा। तीर्थनगरी को अमृत योजना 2.0 में शामिल करने के बाद इसे अमल में लाने की तैयारी शुरू हो गई है। इसके तहत नए नलकूप लगेंगे। ओवरहेड टैंक बनाने के साथ पाइप लाइन भी बिछाई जाएगी। यह काम 24 करोड़ रुपये की लागत से होंगे।
तीर्थनगरी की आबादी 35 हजार है। यहां अभी तक पेयजल के पर्याप्त इंतजाम नहीं हो सके हैं। 6 नलकूपों से पानी की सप्लाई दी रही है। पानी भंडारण के भी ठीक इंतजाम नहीं हैं। एक ओवरहेड टैंक है। 1400 परिवारों में ही पानी के कनेक्शन हैं। तमाम जगह पाइप लाइन नहीं है। इससे पेयजल संकट रहता है। लोगों को हैंडपंपों का सहारा लेना पड़ता है।
अब लोगों को पेयजल संकट से निजात मिलने जा रही है। तीर्थनगरी को अमृत योजना 2.0 में शामिल किया गया है। इसके तहत होने वाले कार्यों के लिए जल निगम ने प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा था। शासन से मंजूरी मिलने के बाद जल निगम एटा ने प्रोजेक्ट पर काम करना शुरू कर दिया है। एटा जल निगम के सहायक अभियंता गौरव कुमार ने बताया कि अमृत योजना 2.0 के प्रोजेक्ट को मंजूरी मिल चुकी है। टेंडर प्रक्रिया चल रही है। इस प्रक्रिया के पूरे होने के बाद प्रोजेक्ट पर कार्य शुरू हो जाएगा।
ये भी पढ़ें -
मैनपुरी: सांप ने काट लिया और चार साल के बच्चे को पता भी न चला, चुपचाप सो गया पिता के पास; फिर आगे ये हुआ
योजना के तहत यह होंगे कार्य
4 नए नलकूप लगाए जाएंगे।
3 ओवरहेड टैंक बनेंगे।
43 किमी नई पाइप लाइन बिछाई जाएगी।