छह साल का एक बच्चा खेलते समय गिर गया। इससे उसकी कोहनी में गंभीर चोट आई। हाथ काला पड़ने लगा था। ऐसे में चिकित्सकों ने कठिन ऑपरेशन कर बच्चे का हाथ कटने से बचा लिया।
आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज में छह साल के मासूम की कोहनी की कटी नस जोड़कर डॉक्टरों ने हाथ को कटने से बचा लिया। हड्डी और नस जोड़ने के लिए पांच घंटे तक ऑपरेशन चला। ऑपरेशन के बाद 20 दिन तक बच्चे को भर्ती रखा। हालत ठीक होने पर उसे डिस्चार्ज कर दिया गया।
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कार्डियोथोरेसिक वैस्कुलर सर्जरी के डॉ. सुशील सिंघल ने बताया कि 16 नवंबर को धनौली निवासी सुनील कुमार अपने 6 साल के बेटे हनी को लेकर आए थे। बताया कि खेलते वक्त बच्चा ऊंचाई से गिर गया था। इसके कोहनी से ऊपर फ्रैक्चर हो गया और एक नस भी कट गई। इससे खून बहने लगा। खून की आपूर्ति नहीं होने से हाथ काला पड़ने लगा।
निजी अस्पताल में लेकर गए तो वहां मना कर दिया। ऐसे में इमरजेंसी आने पर जांच कराई। हड्डी रोग विभागाध्यक्ष अमृत गोयल ने सबसे पहले ऑपरेशन कर हड्डी जोड़ दी। इसके बाद पैरों की अतिरिक्त नस निकालकर हाथ की कटी नस को जोड़ा। इससे रक्त का संचार हाेने लगा। इसमें देरी होने पर गैंग्रीन हो जाती और बच्चे का हाथ काटना पड़ता।
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कई बार ऑपरेशन के बाद भी हाथ-पैर काले या नीले पड़ रहे हों, तो इसका मतलब है कि कोई नस कटी हुई है। ऐसे में विशेषज्ञ चिकित्सक को तत्काल दिखाएं। ऑपरेशन करने वालों में डॉ. अनुज गर्ग, डॉ. प्रभा, डॉ. अनुकीर्ति, डॉ. शाहिद और डॉ. मयूर रहे। प्राचार्य डॉॅ. प्रशांत गुप्ता ने बताया कि सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक में आधुनिक ऑपरेशन थिएटर और विशेषज्ञ हैं। ऐसे ऑपरेशन निजी अस्पताल में कराने पर तीन से चार लाख रुपये का खर्च आता है।