नगर पालिका मैनपुरी और नगर पंचायत बेवर के चेयरमैन पद की दोबारा मतगणना कराने वाली याचिका में जिला निर्वाचन अधिकारी/ जिलाधिकारी को भी पक्षकार बनाया गया है। दोनों याचिका कर्ताओं द्वारा बुधवार को दिए गए आवेदन जिला जज अनिल कुमार ने मंजूर कर लिए हैं। याचिकाओं की अगली सुनवाई के लिए एक अगस्त की तारीख तय की गई है।
नगर पालिका मैनपुरी से चेयरमैन पद की पराजित सपा प्रत्याशी सुमन वर्मा तथा नगर पंचायत बेवर से चेयरमैन पद के पराजित सपा प्रत्याशी अरुण दीक्षित उर्फ अन्नू ने बुधवार को जिला जज के न्यायालय में प्रार्थना पत्र दिया था। नगर पालिका मैनपुरी की विकासखंड सदर में 13 मई को हुई मतगणना के बाद देर रात सपा प्रत्याशी सुमन वर्मा को हारा हुआ घोषित करके निर्वाचन अधिकारी/ एसडीएम सदर नवोदिता शर्मा ने भाजपा प्रत्याशी संगीता गुप्ता को जीत का प्रमाणपत्र दिया है। नगर पंचायत बेवर की नेशनल महाविद्यालय भोगांव में हुई मतगणना के बाद चेयरमैन पद के सपा प्रत्याशी अरुण दीक्षित उर्फ अन्नू को हारा हुआ घोषित करके निर्वाचन अधिकारी/ समाज कल्याण अधिकारी अशोक कुमार ने भाजपा प्रत्याशी सरितकांत भाटिया को जीत का प्रमाणपत्र दिया है।
मतदान के बाद मतगणना में की थी धांधली
मैनपुरी। नगर पालिका चेयरमैन पद की सपा प्रत्याशी सुमन वर्मा ने याचिका में आरोप लगाया कि भाजपा प्रत्याशी के पति के दबाव में प्रशासन ने भी मतदान के बाद मतगणना में भी धांधली की। निर्वाचन अधिकारी ने उनको जबरन हराकर भाजपा प्रत्याशी संगीता गुप्ता को जीत का प्रमाणपत्र दे दिया। उन्होंने दोबारा मतगणना कराने की मांग की है।
सुमन वर्मा ने अपने अधिवक्ता गंगाराम यादव के माध्यम से दायर की गई याचिका में कहा कि चेयरमैन पद पर आराधना गुप्ता कांग्रेस, रेखा पांडेय बसपा के अलावा ऊषादेवी, नेहा गुप्ता, रेखा चौहान, सुनीता गुप्ता, संतोषी मिश्रा निर्दलीय प्रत्याशी थे। चार मई को मतदान के दिन वार्ड संख्या छह, 13, 16, 21, 23, 25 के कई बूथों पर फर्जी मतदान अधिकारियों की मिलीभगत से हुआ। पुलिस अधिकारी मूकदर्शक बने रहे। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए।