आगरा में ताजमहल के पास बारिश से एक भवन ढह गया। भवन जर्जर हो चुका था। गनीमत रही कि जिस समय हादसा हुआ, उस समय में भवन में कोई नहीं था। नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था।
आगरा के थाना ताजगंज के सामने सिंधी धर्मशाला के पीछे बने सिंधी मंदिर का जर्जर भवन बुधवार देर शाम भरभराकर गिर गया। इसके मलबे में दबकर कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। गनीमत रही कि इसमें कोई जनहानि नहीं हुई। मंदिर प्रबंधन से जुड़े लोग जर्जर इमारत की मरम्मत के लिए कई माह से मंडलायुक्त कार्यालय के चक्कर लगा रहे थे। ताजमहल के 500 मीटर दायरे में होने के कारण भवन की मरम्मत के लिए नेशनल मॉन्यूमेंट अथाॅरिटी से अनुमति लेनी होती है।
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सिंधी समाज के श्याम भोजवानी ने बताया कि धर्मशाला और मंदिर का भवन लंबे समय से जर्जर हालत में था। इसकी स्थिति को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों को कई बार अवगत कराया गया। समाज के प्रतिनिधियों ने कमिश्नर से लेकर नगर निगम के अधिकारियों तक मुलाकात कर भवन की मरम्मत अथवा पुनर्निर्माण की अनुमति देने की मांग की लेकिन हर बार आश्वासन ही मिला। मंदिर के प्रधान शंकरलाल आसवानी, हरीश मोटवानी, विजय मोटवानी, मनीष लालवानी, किशोर मोटवानी, भरत लालवानी ने जर्जर भवन गिरने की जांच, क्षतिग्रस्त वाहनों का आकलन करने की मांग की है।