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फर्जी शिक्षकः एसआईटी जांच शामिल शिक्षकों का वेतन रोका, बर्खास्तगी के बाद एफआईआर

Thu, 28 May 2020 12:14 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फिरोजाबाद

सार

एसआईटी सूची के मुताबिक जनपद में 161 हैं फर्जी, 84 हुए हैं बर्खास्त
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बर्खास्तगी से वंचित रह गए एसआईटी (विशेष जांच दल) जांच में शामिल शिक्षकों की मुश्किलें और बढ़ने वाली हैं। शासन के आदेश पर 77 शिक्षकों का वेतन बीएसए ने रोक दिया है।
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जांच खत्म होने के बाद ही कोई निर्णय लिया जाएगा। अगर बर्खास्त होते हैं तो एफआईआर दर्ज होगी। अगर बर्खास्तगी से बच जाते हैं और क्लीन चिट मिल जाती है तो पूरा वेतन जारी हो जाएगा। वेतन रुकने से शिक्षकों की चिंताएं बढ़ गई हैं।

जनपद में 163 फर्जी शिक्षकों की सूची को एसआईटी ने भेजा था। इसमें दो शिक्षकों की मृत्यु हो चुकी है। जबकि 84 शिक्षकों को बर्खास्त किया जा चुका है। शेष 77 शिक्षकों को हर माह वेतन जारी हो रहा था। इस कारण विभाग भी मेहरबान था। लेकिन शासन की फर्जी शिक्षकों पर बढ़ती जा रही सख्ती से बर्खास्तगी से वंचित शिक्षकों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। अब इन शिक्षकों का वेतन रोक दिया गया है। 
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बीएसए अरविंद पाठक ने बताया कि एसआईटी सूची में शामिल एवं बर्खास्तगी से वंचित रह गए शिक्षकों का वेतन रोक दिया गया है। शासन के आदेश पर ऐसा किया गया है।
 
दो साल से अधिक समय में 84 शिक्षक ही हो सके बर्खास्त
दो साल से अधिक समय में 84 शिक्षक बर्खास्त हो चुके हैं। विभाग फर्जी शिक्षकों की बर्खास्तगी के लिए लगातार उदासीनता बरतता रहा। यहां तक कि हाईकोर्ट से स्टे पाने के लिए पूरी मोहलत भी देता रहा। शिक्षकों ने स्टे पाया भी। हालांकि शासन की सख्ती के कारण फर्जी शिक्षकों का तनाव बढ़ता जा रहा है।
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