खंदारी स्थित पंचायती बगीचे के बाहर ढोल मंजीरे और थाली बजाकर प्रदर्शन करते स्थानीय लोग और सपा ,क
आगरा। खंदारी क्षेत्र में धोबी समाज की पंचायती बगीची के बाहर शुक्रवार को महिलाओं ने थाली, चम्मच, ढोलक और मंजीरा के साथ प्रदर्शन किया। इनका नेतृत्व कांग्रेस व सपा नेता कर रहे थे। बगीची में भगवान शिव व देवी मंदिर का रास्ता खुलवाने की मांग की जा रही है। नारेबाजी और हंगामा होने पर पुलिस पहुंच गई। इसके बाद पैदल ही सभी लोग हरीपर्वत थाने पहुंचे। जहां सात दिन के लिए अस्थायी रूप से रास्ता खोलने पर समझौता हुआ।
पंचायती बगीची पर हाईकोर्ट का आदेश आने के बाद 16 फरवरी को पुलिस ने स्वदेशी बीमानगर निवासी लोकेंद्र गुप्ता को कब्जा दिलाया था। उस वक्त वहां स्थापित महात्मा गांधी और बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा को अलग से जगह देकर स्थापित किया गया था। इसके बाद से बगीची में मंदिर का रास्ता खुलवाने की मांग करते हुए कांग्रेस महानगर अध्यक्ष अमित सिंह स्थानीय लोगोंं और कांग्रेस नेताओं के साथ प्रदर्शन कर रहे हैं।
शुक्रवार को कांग्रेस नेताओं के साथ सपा के नितिन कोहली भी आ गए। स्थानीय महिला-पुरुषों के साथ बगीची के बाहर धरना देकर बैठ गए। नारेबाजी की जाने लगी। महिलाएं-पुरुष थाली-चम्मच, ढोलक और मंजीरा बजाते हुए भजन गाने लगे। पुलिस ने ताले तोड़ने से रोका तो अमित सिंह और अन्य ने सीढ़ी लगाकर दीवार फांदने की कोशिश की। एतराज पर सपा और कांग्रेस नेता जुलूस के साथ थाना हरीपर्वत पहुंच गए।
थाने में प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में एसीपी अक्षय महाडिक ने जमीन पर वर्तमान काबिज लोकेंद्र गुप्ता और दूसरे पक्ष से वार्ता कराई। माहौल को देखते हुए लोकेंद्र ने सभी नेताओं और स्थानीय निवासियों से लिखित समझौता किया। इसके बाद अस्थायी रूप से 7 दिनों के लिए मंदिर का रास्ता खोलने पर समझौता किया गया। थाना प्रभारी ने बताया कि दोनों पक्षों में समझौता हुआ है। सुबह 6 से 11 बजे और शाम 5 से 8 बजे तक ही अस्थायी रूप से रास्ता खोला जाएगा। इस दौरान पुलिस मौजूद रहेगी।
खंदारी स्थित पंचायती बगीचे के बाहर ढोल मंजीरे और थाली बजाकर प्रदर्शन करते स्थानीय लोग और सपा ,क