आगरा। डॉ.भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय ने महाविद्यालयों और आवासीय संस्थानों पर प्रवेश के समय नए शुल्क लागू किए हैं। इसका विरोध सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों की तरफ से किया जा रहा है। राज्यपाल से डिग्री शुल्क पर रोक लगाने की मांग की है। प्रवेश के समय परीक्षा शुल्क महाविद्यालयों को विवि में जमा करना पड़ता है। अब विवि की तरफ से क्रीड़ा, सांस्कृतिक और इंक्यूवेशन शुल्क लगाया गया है। सेल्फ फाइनेंस कॉलेज अध्यक्ष मुनेंद्र जादौन ने राज्यपाल को पत्र भेजा है। उनका कहना है कि विवि प्रशासन ने कई शुल्क लगाए हैं, जिसके लिए शासन के स्तर से अनुमति का कोई पत्र नहीं लगाया गया है। यह एक तरीके से 2.5 लाख छात्रों से अवैध वसूली है। उन्होंने यूजी व पीजी के अंतिम वर्ष के छात्रों पर लगे डिग्री प्रिंट शुल्क 300 रुपये पर भी रोक लगाने की मांग की है।