कासगंज। बुखार से पीड़ित नौ वर्षीय बालिका की शनिवार को सुबह मौत हो गई। वह बीते करीब 10 दिन से बुखार से पीड़ित थी। उसका गांव में चिकित्सक से इलाज चल रहा था। कक्षा तीन की छात्रा की मौत से गांव व विद्यालय में शोक फैल गया। बुखार से बालिका की मौत की जानकारी मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने चिकित्सकों की एक टीम गांव भेजी है। इस बीच शनिवार को भी बुखार के मरीजों का जिला अस्पताल पहुंचने का सिलसिला जारी रहा। भीड़ होने के कारण मरीजों को अपनी बारी के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा। पटियाली क्षेत्र के ग्राम ल्यौडईया में रोशनी (9 ) पुत्री चंद्र प्रकाश की बुखार से मौत हो गई। वह गांव के विद्यालय में कक्षा तीन में पढ़ती थी। परिजन के अनुसार, उसे पिछले 10 दिन से बुखार आ रहा था। गांव के ही चिकित्सक से उसका उपचार चल रहा था। शनिवार तड़के लगभग 4:30 बजे उसने दम तोड़ दिया। बालिका की मौत से गांव व विद्यालय में शोक फैल गया। स्कूल में अवकाश घोषित कर दिया गया। मृतका रोशनी के दो भाई अभय व आर्या और एक बहन मंजू है। वहीं जिला अस्पताल में भी शनिवार को बुखार के मरीजों की कतार लगी रही। दोपहर 2 बजे अस्पताल की ओपीडी बंद होने तक 953 मरीज उपचार के लिए पहुंचे। इनमें सबसे अधिक भीड़ संक्रामक रोग विभाग में रही। बुखार के 183 मरीज अस्पताल आए, इसमें 52 बच्चे शामिल रहे। चिकित्सकों ने बुखार पीड़ित मरीजों के रक्त की जांच कराई। इससे लैब में भी लंबी कतार लग गई। रिपोर्ट के लिए मरीजों को इंतजार करना पड़ा। सांस के 60 मरीज आए। इनमें 21 बच्चे शामिल रहे। डायरिया के 35 मरीज पहुंचे।