म्यूचुअल फंड वगैरह में निवेश कराते थे। राजीव की पत्नी का नाम कामना है, वह एनआरआई हैं। यूएस में रहती हैं। कई साल तक राजीव कुमार माथुर भी कनाडा में रहते थे। एक बेटा है अनुराग, वह कनाडा में रहता है। पत्नी को तलाक देकर राजीव आगरा आ गए थे। माता-पिता के साथ रहने लगे थे।
प्रवीन ने पुलिस को बताया कि राजीव उम्र बढ़ने के साथ शक्की होते जा रहे थे। इससे उनकी किसी से नहीं बनती थी। कोई मिलने नहीं आता था। दो बहनें हैं। एक दुबई में, दूसरी बहन रीटा मुंबई में रहती है। पांच-छह साल से उनकी अपने किसी रिश्तेदार से बात नहीं हुई थी। पुलिस के कहने पर प्रवीन ने पुरानी डायरी खंगाली तो उसमें रीटा का नंबर मिल गया।
पुलिस ने रीटा से संपर्क किया। बताया उनके भाई की मौत हो गई है। सोमवार को रीटा के बेटे का पुलिस के पास फोन आया। उन्होंने कहा कि वह अपने मामा का अंतिम संस्कार करेंगे। वह मुंबई से आगरा आ रहे हैं। उनकी मौजूदगी में पोस्टमार्टम कराया जाए। एसीपी लोहामंडी मयंक कुमार तिवारी ने बताया कि सोमवार की रात या मंगलवार तक दोनों आगरा आ जाएंगे। उसी के बाद पोस्टमार्टम होगा।
...तो पुलिस कराती अंतिम संस्कार
एकाकी बुजुर्ग की मौत के बाद पुलिस आयुक्त जे रविन्दर गौड ने डीसीपी सिटी को निर्देश दिया कि परिवार से कोई नहीं आए तो पुलिस वैज्ञानिक का अंतिम संस्कार पूरे रीति रिवाज के साथ कराए। बुजुर्गों को यह नहीं लगना चाहिए कि वे अकेले हैं। पुलिस उनके साथ है। डीसीपी सिटी सूरज राय ने बताया कि अज्ञात शवों का पुलिस ही अंतिम संस्कार कराती है। यहां तो शव की शिनाख्त हो चुकी है।
कोठी पर पुलिस ने लगाया ताला
राजीव कुमार माथुर की मौत के बाद उनकी करोड़ों की संपत्ति किसे मिलेगी यह सवाल उठ रहा है। फिलहाल पुलिस ने कोठी में ताला बंद करके चाबी अपने पास रखी है। पुलिस पहले यह पता करेगी कि उन्होंने कोई वसीयत तो नहीं कर रखी थी। यह जानकारी उनके सलाहकार प्रवीन जैन से ली जाएगी। पुलिस अब भी कोशिश कर रही है कि किसी तरह उनकी पत्नी और बेटे से संपर्क हो जाए।