घटना के बाद मौके पर जुटी लोगों की भीड़
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घटना से इलाके में दहशत
मगरमच्छ के जाने के बाद ग्रामीणों ने सौरभ को पानी से निकाला गया, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। इस घटना से मृतक के परिवार में कोहराम मच गया, वहीं ओनघाट सहित नदी किनारे बसे गांव उज्जैपुर, मिलावली, गढ़ी बेंदुला, अथैया, नगला लक्ष्मण के लोग दहशत में आ गए हैं। नदी की ओर जाने से भी डर रहे हैं।
ग्रामीणों के मुताबिक मगरमच्छ कई दिनों से नदी में देखा जा रहा है, लेकिन इसकी सूचना कहीं नहीं दी थी। हादसे के बाद बागवाला सहित कोतवाली देहात की पुलिस भी पहुंची। शव को पोस्टमार्टम के लिए एटा मेडिकल कॉलेज भेजा गया। बागवाला थानाध्यक्ष विनोद कुमार ने बताया कि मगरमच्छ ने युवक पर हमला किया था। डूबने से उसकी मौत हुई है।
पहले भी कर चुका है हमले
गांव ओनघाट के रहने वाले अमर प्रताप ने बताया कि मगरमच्छ साल भर से यहां लगातार देखा जा रहा है। करीब आठ-नौ महीने पहले झपट्टा मारकर दो बकरियों को नदी में खींच ले गया था। दो महीने पहले एक महिला पर भी हमला किया था, जिसमें वह बाल-बाल बच गई थी। जिसके चलते लोग नदी के पास जाने से बचते थे। अब इस हादसे के बाद खौफ और ज्यादा बढ़ गया है।
डीएफओ सौरिष सहाय ने कहा कि नदी किनारे मगरमच्छ से हादसे की जानकारी मिली है। गांव में टीम भेजी गई है लेकिन नदी से मगरमच्छ पकड़ने का प्रावधान नहीं है। गांव वालों को जागरूक किया जाएगा कि नदी आसपास के इलाकों में न जाएं।