आगरा में एक शिक्षिका को एक युवक तीन साल से परेशान कर रहा है। कभी जान से मारने तो कभी तेजाब फेंकने की धमकी देता है। इतना ही नहीं दफ्तर और परिवार के लोगों को फोन करके बदनाम भी कर रहा है।
पीड़िता ने तीन मुकदमे भी दर्ज कराए। एक मामले में आरोपी जेल भी गया, लेकिन हरकत बंद नहीं हुई। दो दिन पहले शिक्षिका का सिम नेटवर्क कंपनी को फर्जी जानकारी देकर देकर बंद करा दिया। पीड़िता ने पुलिस से शिकायत की है।
थाना जगदीशपुरा क्षेत्र की शिक्षिका के मुताबिक, तीन साल पहले लखनऊ के युवक से उसकी मौसी की मित्रता थी। मगर, किसी कारण से दोनों की मित्रता खत्म हो गई। युवक मित्रता टूटने के पीछे शिक्षिका और उसके परिवार को जिम्मेदार मानने लगा।
तेजाब फेंकने और जान से मारने की धमकी दी
शिक्षिका को जान से मारने और तेजाब फेंकने की धमकी तक दे डाली। शिक्षिका ने थाना जगदीशपुरा में मुकदमा दर्ज कराया। एक-एक करके तीन मुकदमे दर्ज करा दिए। एक मामले में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भी भेजा।
मगर, तीन महीने बाद जमानत पर छूट गया। हालांकि उसकी हरकत बंद नहीं र्हुईं। दो अगस्त को शिक्षिका का सिम बंद हो गया। शिक्षिका ने सिम कंपनी के आफिस में जाकर पता किया। इसमें सामने आया कि एक युवक ने कॉल किया था। वो खुद को शिक्षिका का पति बताने लगा।
उसने कहा कि उसकी पत्नी का मोबाइल गिर गया है। इसके बाद आधार कार्ड की जानकारी भी दी। इस पर कंपनी ने सिम बंद कर दिया। जिस नंबर से कॉल आया था, वह युवक का ही था। इस पर शिक्षिका ने थाना जगदीशपुरा में कार्रवाई के लिए तहरीर दी।
पुलिस बोली, भाई की आईडी से ले लो सिम
आरोपी को पकड़ने में नाकाम हो चुकी पुलिस ने शिक्षिका को यह कह दिया कि वो अपने नाम से सिम न खरीदे, बल्कि अपने पिता और भाई के नाम पर सिम खरीद लाए। इस पर शिक्षिका का कहना था कि युवक ने ऐसा पहली बार नहीं किया है। वो उसके मामा और मौसी का सिम भी फर्जी जानकारी कंपनी को देकर बंद करा चुका है। वो लगातार उनके दस्तावेज हासिल करके ऐसा करता है।
माफी मांगने पर मौसी ने लिया था मुकदमा वापस
शिक्षिका की मौसी ने भी मुकदमा दर्ज कराया था। मगर, युवक ने फिर से परेशान नहीं करने की कहकर माफी मांगी थी। इस पर मौसी ने मुकदमा वापस ले लिया। युवक ने फिर शिक्षिका को परेशान करना शुरू कर दिया।
इस पर तीन मुकदमे दर्ज कराए। इनमें एक मुकदमे में जेल भेजा गया, लेकिन तीन महीने बाद जमानत हो गई। इसके बाद किसी मुकदमे में पुलिस ने कार्रवाई नहीं की, जिससे वह खुलेआम घूम रहा है।