करवा चौथ पर चमकते चांद की चांदनी तीन परिवारों के लिए कलह की जानलेवा कालिख में डूब गई। बाह में एक पति ने ऐन करवा चौथ की रात तो एत्माद्दौला में इसी दिन पति से कहासुनी पर रूठी महिला ने शनिवार को फांसी लगा ली। वहीं नगला छिद्दा में पत्नी के घर छोड़ जाने से तनाव में घिरे युवक ने भी जान दे दी।
घटना-1: दुआओं पर भारी गरीबी
बाह के स्याइच गांव के मजरा मिहीलालपुरा निवासी सुजान सिंह (35) पांच बेटियों और दो बेटों के पिता थे। महज पांच बीघा जमीन के अलावा कमाई का जरिया न होने से हाथ तंग रहता। जैसे-तैसे एक बेटी की शादी कर दी। यही तंगी आए दिन की कलह कराती था। चिंता-तनाव के चलते वह शराब पीने लगे थे। शुक्रवार को पत्नी विनीता ने करवाचौथ का व्रत रखा। वह शाम को पूजा की तैयारी कर रही थी तभी लगभग सात बजे सुजान घर से निकल गए। विनीता ने चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद उन्हें तलाशने लगी पर रात भर खोजने पर भी सुजान नहीं मिले। शनिवार सुबह गांव में आम के पेड़ से उनका शव लटका मिला। गले में अंगौछे का फंदा था। सूचना पर आई पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेजा। इसकी रिपोर्ट में मौत का कारण हैंगिंग आया है। इंसपेक्टर ब्रह्म सिंह ने बताया कि आर्थिक तंगी के चलते होने वाले गृहक्लेश के कारण सुजान सिंह ने खुदकुशी की है।
घटना-2: पिता का भी इंतजार न किया
आगरा में एत्माद्दौला के राधा नगर निवासी जगदीश की शादी नगला लालदास (अछनेरा) निवासी रोशनलाल की बेटी भगवती (35) से हुई थी। उनका पांच साल का बेटा तरुन और एक साल की बेटी मधु है। रोशनलाल ने बताया कि भगवती ने शनिवार सुबह नौ बजे फोन पर उन्हें तीन दिन से पति से हो रहे झगड़े की जानकारी दी। करवाचौथ पर तो इतना झगड़ा हुआ कि उसने व्रत भी नहीं रखा। उसने उन्हें बातचीत के लिए घर बुलाया। वे बेटों हेत सिंह और एदल सिंह के साथ रोशनविहार आए तो जगदीश घर के भूतल पर उन्हें बेटी के साथ मिला। पहली मंजिल पर भगवती का कमरा अंदर से बंद था। जंगले से झांका तो शव पंखे से बंधी रस्सी के फंदे पर लटका दिखा। वे शोर मचाने लगे तो जगदीश ने हेत सिंह से भिड़ गया। वे बेटों की मदद से उसे बांधकर थाने ले गए। रोशन लाल की तहरीर पर जगदीश के खिलाफ आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने का मुकदमा दर्ज किया गया है।
घटना-: पत्नी का जाना बर्दाश्त न हुआ
नगला छिद्दा में करवा चौथ की रात यहीं के रहने वाले प्रदीप ने फांसी लगा ली। एसओ हरीपर्वत ने बताया कि प्रदीप उर्फ गंदा (36) दिल्ली में काम करता था। ढाई साल पहले उसकी पत्नी भावना घर छोड़कर चली गई थी। वह साथ तीनों बच्चों को भी ले गई। इस वजह से प्रदीप तनाव में रहता था। पांच दिन पहले ही वह दिल्ली से घर आया था। शनिवार सुबह घरवाले उसके कमरे में गए तो गार्डर पर रस्सी से बने फांसी के फंदे पर लटका उसका शव देखा। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।