मथुरा में हाईवे से सटी कालोनी निवासी छात्रा का तीन जुलाई को अपहरण नहीं हुआ था। दसवीं में कम नंबर आने पर मां बाप ने डांटा तो वह घर छोड़कर दिल्ली चली गई थी। वहां सड़क हादसे का शिकार होकर सरकारी अस्पताल में पहुंच गई।
उपचार के बाद दिल्ली निवासी चालक उसे अपने घर ले गया और परिवार के लोगों को फोन कर बेटी के सकुशल होने की खबर दी। बुधवार को मथुरा पुलिस ने उसे परिवार वालों को सौंप दिया।
पुलिस लाइन सभागार में एसपी सिटी श्रवण कुमार सिंह ने बताया कि 10वीं में कम नंबर आने पर छात्रा को परिजनों ने डांटा था। उससे क्षुब्ध होकर वह घर से तो स्कूल के लिए निकली लेकिन स्कूल न जाकर ट्रेन से दिल्ली पहुंच गई। वहां सड़क पार करते वक्त हादसे का शिकार हो गई। दिल्ली के सीलमपुर स्थित सरकारी अस्पताल में उसका इलाज चला।
कुछ दिन पहले चालक शाहिद उसे अपने घर ले गया। छात्रा पर दबाव बनाकर उससे परिजनों का नंबर लिया। माता पिता को फोन कर शाहिद ने उनकी बेटी के सकुशल होने की बात कही। प्रभारी निरीक्षक गिरीश चंद तिवारी के नेतृत्व में पुलिस किशोरी को बुधवार की सुबह दिल्ली से मथुरा ले लाई।