इस पर किशोरी उनके साथ बाइक पर बैठकर चली गई। आशीष किशोरी को गुलशन के घर ले गया। यहां पर उसे बंधक बना लिया। किशोरी ने शोर मचाने का प्रयास किया। मगर, उन्होंने तमंचा दिखाकर जान से मारने की धमकी दी।
गुलशन की मां ने अपने भाई को फोन करके एक लाख रुपये में किशोरी को बेचने की बात की। उसका भाई जयपुर से राजवीर को अपने साथ ले आया। वो 80 हजार रुपये में किशोरी को ले जाने की तैयारी में था।
सूचना मिलने के बाद किशोरी के परिजन वहां आ गए। पुलिस की मदद से बेटी को मुक्त करा लिया। वहीं पुलिस ने आशीष और गुलशन को मौके से पकड़ लिया। अन्य आरोपी भाग निकले।
इंस्पेक्टर थाना न्यू अगारा ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। गिरफ्तार दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।