थाना शाहगंज के हत्या के मामले में एक आरोपी को दोष सिद्ध होने पर कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। वहीं, तीन को मारपीट के केस में एक-एक वर्ष की सजा सुनाई है।
घटना 16 मई 2009 की है। न्यू आजमपाड़ा निवासी यूसुफ अली की बहन रजिया बेगम के साथ उसके ससुरालियोें ने मारपीट कर दी थी। यूसुफ और उसकी बुआ का लड़का अजीत रजिया की ससुराल पहुंचे। रजिया को कमरे में बंद कर रखा था। इसी बीच शौकत अली ने सरिया से हमला बोल दिया। रजिया बचाने आई तो उसे भी पीटा। अजीत को गंभीर चोट आने पर अस्पताल में भर्ती कराया। यहां से दिल्ली रेफर कर दिया। रास्ते में उसकी मौत हो गई। इस मामले में स्पेशल जज (ईसी एक्ट) चवन प्रकाश ने आरोपी शौकत अली को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। वहीं, उसके भाई राजू खां, पिता मुन्ना खां और अन्य वकील को मारपीट में दोषी पाते हुए एक साल की सजा सुनाई है। पैरवी अधिवक्ता अरविंद शर्मा और मनीष पाठक ने की।
हत्या और जानलेवा हमले के आरोपियों को मिली जमानत
आगरा। जिला जज राजीव लोचन मेहरोत्रा ने थाना शमसाबाद के हत्या और जानलेवा हमले के मामले में आरोपी मुकेश और उसके भाई भूदेव निवासी इनायतपुर, इरादतनगर की जमानत स्वीकार कर रिहा करने के आदेश किए हैं।