आगरा के बोदला में ट्रांसपोर्टर मदन गोपाल शर्मा के घर 12 जुलाई को डकैती होटल मालिक विजय पंकज प्रधान के गिरोह ने डाली थी। पुलिस ने गैंग के चार बदमाशों को शुक्रवार सुबह गिरफ्तार किया। पुलिस का दावा है कि इनकी गिरफ्तारी मुठभेड़ के बाद हुई है। मुठभेड़ में उस्मान नाम के बदमाश को गोली लगी है। उसे भर्ती कराया गया है। तीन बदमाश फरार हैं।
एसएसपी दिनेश चंद दुबे ने शुक्रवार को प्रेस वार्ता में इसकी जानकारी दी। गिरफ्तार बदमाशों में जगदीशपुरा के नगला अजीता का सुरेश पारस, एटा के जलेसर के महानमई का राजकुमार उर्फ पप्पू, एटा के अवागढ़ के मंडपुरा का धर्मेंद्र और मथुरा के सदर के दीपपुरम औरंगाबाद का उस्मान उर्फ सद्दाम है। उस्मान को ही गोली लगी है। इनसे सोने की तीन अंगूठी, 12 हजार कैश, पिस्टल, तमंचे और कारतूस बरामद किए गए हैं।
फरार बदमाशों में एटा के जलेसर के पछिया बेगमपुर का विजय पंकज प्रधान, जलेसर के जैनपुर का अरविंद जाटव और आगरा का राजकुमार कुशवाहा है। राजकुमार के बारे में और डिटेल पुलिस को नहीं मिली है। विजय प्रधान फिलहाल आगरा की आवास विकास कालोनी के सेक्टर आठ में रहता है। वह गिरोह का सरगना है।
सरगना के होटल में ही ठहरे थे बदमाश
बदमाशों ने बताया कि डकैती के बाद वे विजय प्रधान के होटल में ठहरे थे। यह होटल सिकंदरा स्मारक के सामने है। प्रधान के पुलिस से अच्छे रिश्ते हैं। पुलिस कभी उसके होटल में चेकिंग करने नहीं आती है। पूरा गिरोह वारदात के लिए होटल में ही इकट्ठा होता था। वारदात के बाद यहीं पर आकर ठहर जाता था।
बोदला में ट्रांसपोर्टर के घर डकैती के दौरान गोली लगने से बदमाश घायल हो गया था। गिरफ्तार बदमाशों ने बताया कि वह राजकुमार उर्फ पप्पू था। गोली उसे छूकर निकल गई थी। जख्म गहरा नहीं था। उसने प्रधान के होटल में साथियों से मरहम पट्टी करा ली।
पड़ोसी ने डलवाई थी डकैती
गिरोह से पूछताछ में यह जानकारी आई है कि ट्रांसपोर्टर के पड़ोसी ने ही मुखबिरी की थी। पड़ोसी के विजय पंकज प्रधान से संबंध हैं। पुलिस ने पड़ोसी को अभी आरोपी नहीं बनाया है। प्रधान की गिरफ्तारी के बाद उस पर कार्रवाई की जाएगी।