नई दिल्ली-भोपाल शताब्दी एक्सप्रेस में 52 विदेशी यात्री सीनियर सिटीजन कोटे में सफर कर रहे थे। फरह-मथुरा के बीच वाणिज्य विभाग के सचल दस्ते ने चेकिंग में श्रीलंका के इन यात्रियों को पकड़ लिया। जब इन्हें बताया गया कि सीनियर सिटीजन कोटा सिर्फ भारतीयों के लिए है, तो इन लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया। बवाल बढ़ने पर आरपीएफ और जीआरपी के साथ ही रेलवे के अतिरिक्त स्टाफ को बुलाया गया। इसके बाद इनसे 50 हजार रुपये का जुर्माना वसूला।
नई दिल्ली से भोपाल जा रही शताब्दी एक्सप्रेस के सी-2 से सी 5 तक के कोचों में श्रीलंका के रहने वाले 52 यात्री अलग-अलग समूहों में भोपाल जा रहे थे। फरह से आगे सचल दस्ते की चेकिंग में पाया गया कि सभी विदेशी यात्रियों के पास सीनियर सिटीजन कोटे का आरक्षण है। पूछने पर इन लोगों ने बताया कि टिकट एजेंट से कराए थे।
इस पर यात्रियों को बताया गया कि ये कोटा सिर्फ भारतीय नागरिकों के लिए है। इस तरह वे अनियमित यात्रा के दोषी हैं और उन्हें जुर्माना भरना होगा। इस पर विदेशी यात्री भड़क गए। उनका कहना था कि उन्हें सीट दी गई है और उन्होंने किसी नियम का उल्लंघन नहीं किया है। विवाद बढ़ने पर कंट्रोल रूम को सूचना दी गई।
इसके बाद ट्रेन को मथुरा में रोककर आरपीएफ, जीआरपी और रेलवे के अतिरिक्त चेकिंग स्टाफ को भेजा गया। तब कहीं जाकर यात्रियों को समझाया गया कि वह जुर्माना देकर ही यात्रा जारी रख सकते हैं। आगरा मंडल के वाणिज्य प्रबंधक डॉ. संचित त्यागी ने बताया कि यात्रियों से 50 हजार रुपये का जुर्माना लिया गया है।