कश्मीरी बाजार की खास गली में संचालित कोठों पर पुलिस ने बुधवार को छापामारी कर पांच युवतियों को मुक्त कराया। तीन कोठा संचालिकाओं और दो युवकों को हिरासत में लिया गया है। इन सभी से पूछताछ की जा रही है।
दिल्ली की संस्थान रेस्क्यू फाउंडेशन को सूचना मिली थी कि यहां पश्चिम बंगाल की पांच नाबालिग लड़कियों को जबरन रखा गया है। उन्हें मुक्त कराने के लिए ही यह कार्रवाई की गई, लेकिन वे नहीं मिलीं। उनके बारे में जानकारी की जा रही है।
रेस्क्यू फाउंडेशन के संतोष सेधाई ने बताया कि पश्चिम बंगाल से पांच नाबालिग लड़कियों को लाकर आगरा में कोठों पर रखा गया है। उन्हें जबरन देह व्यापार में धकेला जा रहा है। उनकी टीम ने पिछले दिनों रेकी करके इसकी पुष्टि की। बुधवार दोपहर 12 बजे संस्था ने पुलिस अधिकारियों को जानकारी दी। इसके बाद सीओ छत्ता बीएस त्यागी और छत्ता पुलिस के साथ तीन कोठों पर छापेमारी की गई।
एक कोठा खाली मिला, जबकि उसके पास के कोठे से चार युवतियों को मुक्त कराया गया। तीसरे कोठे पर तीन संचालिका पकड़ी। यहां छिपी एक युवती को बाहर निकाला गया तो वह रोने लगी। बाद में महिला पुलिस सभी को थाने पर ले आई। मौके से दो युवक भी पकड़ लिए गए। मुक्त हुई युवतियों में एक पश्चिम बंगाल, तीन उत्तर प्रदेश और एक मुंबई की रहने वाली है। वहीं एक संचालिका पश्चिम बंगाल की है। उनसे पूछताछ की जा रही है। संतोष सेधाई ने बताया कि पश्चिम बंगाल की पांच नाबालिग लड़कियां नहीं मिली हैं। उनके बारे में जानकारी लेने के लिए संस्था की काउंसलर दो दिन बाद कोठा संचालिकाओं से बात करेंगी।
पुलिस बंद नहीं करा पा रही कोठे
बता दें, पहले भी संस्था की सूचना पर कोठों पर छापेमारी की जा चुकी है। तब भी कई लड़कियों और महिलाओं को मुक्त कराया जा चुका है। इसके बावजूद पुलिस कोठों को बंद नहीं करा पा रही है।