फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सांप्रदायिकता की आग फैलाने की तैयारी

Mon, 07 Sep 2015 01:41 AM IST
ब्यूरो अमर उजाला, आगरा/शमसाबाद
विज्ञापन
विज्ञापन
शमसाबाद में सांप्रदायिक तनाव बना रहने के पीछे सबसे बड़ा कारण लोकल इंटेलीजेंस का फेल होना है। पुलिस अफसरों के पास यह इनपुट नहीं पहुंच पा रहा कि आसपास के गांवों में खुराफाती क्या तैयारी कर रहे हैं? इसी का नतीजा है कि घटनाएं एक के बाद एक होती जा रही हैं।
विज्ञापन

पुलिस प्रशासन के अधिकारियों को उम्मीद थी कि कस्बे में जल्द ही शांति हो जाएगी, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। गुरुवार को बलवाइयों ने कस्बे के आसपास के गांवों में चार धर्मस्थलों में तोड़फोड़ और आगजनी कर दी। हालात पर काबू पाने को पुलिस प्रशासन ने शुक्रवार को इतनी सख्ती बरती कि लोग घरों में कैद होकर रह गए।
इसके बाद भी हिंसक घटनाएं नहीं थमीं। शनिवार की रात को बलवाइयों ने एक धर्मस्थल को निशाना बनाया। गांवों में लोग पंचायतें कर रहे हैं। कस्बे और गांवों के लोगों के बीच क्या चर्चाएं हो रही हैं, उन लोगों की रणनीति क्या हैं, इन सब बातों की जानकारी पुलिस तक पहुंचाने वाली लोकल इंटेलीजेंस यूनिट हर तरफ से फेल हो गई। पुलिस को सूचनाएं नहीं मिल पा रही हैैं। रविवार को थाने के पास ही दुकानों में आग लगा दी गई, जबकि पुलिस भी वहां मौजूद थी।  
विज्ञापन

चार दिन से प्रशासनिक, पुलिस अफसर थाने में ही कैंप कर रहे हैं मगर लोगों का भरोसा नहीं जीत पाए हैं। चार दिन बाद भी दुकानदार बाजार खोलने को तैयार नहीं हैं।  इसके बाद भी बलवाई छिटपुट घटना करके कस्बे में अमन बहाली नहीं होने दे रहे। उनकी कोशिश है कि आग शहर तक पहुंच जाए।
पुलिस ने फोटो देखकर पहचाने 100 बवाली
शमसाबाद में सांप्रदायिक बवाल के आरोपियों में से अभी तक भले ही बहुत कम की गिरफ्तारी हो पाई हो लेकिन आज से पुलिस अपना अभियान तेज करने जा रही है। दो दिन त्योहार के चलते दबिश देने पर जोर नहीं दिया गया था। आज से पुलिस की 20 से ज्यादा टीमें बवालियों की गिरफ्तारी में लगेंगी। उनकी पहचान के लिए बवाल की फोटो की मदद ली जा रही है। जो लोग फोटो और वीडियो रिकार्डिंग में नजर आ रह हैं, सबसे पहले उन्हें पकड़ा जाएगा। इनमें से अभी तक 100 की पहचान हो भी चुकी है।
मोहल्ला टोला में दो पक्षों में पथराव, फायरिंग हुई थी। पेट्रोल बम भी चले थे। कई बवालियों के हाथ में नंगी तलवारें थीं। कई लोगों ने मोबाइल से लाइव फोटो की थी। पुलिस ने भी वीडियो रिकार्डिंग कराई थी। इनमें 100 से ज्यादा चेहरे साफ नजर आ रहे हैं।
बड़ी मुश्किल से बचे आग में फंसे बच्चे 
तीन मंजिला ऋषि कांप्लेक्स में भूतल और दूसरे तल पर डेढ़ दर्जन दुकानें हैं। गुरुवार को हुए बलवे के बाद से ही दुकानें बंद हैं। रविवार की दोपहर को फर्नीचर शोरूम से धुआं उठते देख तीसरी मंजिल पर बने फ्लैटों में लोगों में भगदड़ मच गई। आग के चलते पूरी मार्केट में धुआं भर गया। लोगों का दम घुट रहा था। बच्चों को बड़ी मुश्किल से सुरक्षित बाहर निकाला जा सका।
कांप्लेक्स की तीसरी मंजिल पर बने दर्जनभर फ्लैटों में आधा दर्जन परिवार रहते हैं। इनमें महेश भैयाजी, गौतम ठाकुर, बबलू गुप्ता और एके सिंह के परिवार के लोग घरों में थे। फ्लैटों में धुआं भरने पर उन्होंने दूसरे तल पर जाकर देखा तो दुकानों से धुआं उठ रहा था। इस पर अफरा तफरी मच गई। महेश ने बताया कि उन्होंने चारों परिवारों के छह बच्चों को सकुशल बाहर निकाला। बच्चे दहशत में आ गए। उन्हें ये भी डर सता रहा था कि आग कहीं ऊपरी मंजिल तक नहीं पहुंच जाए। लोग आग बुझाने में जुट गए। इसी बीच दो दमकलें भी पहुंच गईं।
दमकलकर्मियों ने आग पर काबू बुझाना शुरू कर दिया। फ्लैट में रहने वाले परिवारों ने मोहल्ले के लोगों के यहां शरण ली। यहां रहने वाले लोगों ने बताया कि कांप्लेक्स में कोई बाहरी व्यक्ति नहीं आ सकता है। जिन लोगों का आना जाना है या जिन लोगों की दुकानें हैं, वे ही यहां आते हैं। पीड़ित दुकानदार ने बताया कि वे रोजाना कांप्लेक्स में दुकानों को देखकर जाते थे। घटना से एक घंटे पहले भी शोरूम स्वामी का बेटा कांप्लेक्स में आया था।
शमसाबाद बवाल का मुख्य आरोपी गिरफ्तार
फेसबुक पर धर्म विशेष के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी पोस्ट करने के आरोपी आकाश गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया गया। उस पर माहौल बिगाड़ने का आरोप है। पुलिस की तैयारी उसके खिलाफ एनएसए के तहत कार्रवाई करने की है। हालांकि उसे पहले दिन ही पकड़ लिया गया था, लेकिन उसके घायल होने के चलते तब छोड़ दिया था। वह जिला अस्पताल में उपचार करा रहा था। रविवार को उसे वहीं से पकड़ा है।
शमसाबाद के खिड़की हरसाय निवासी आकाश की नमक की मंडी में सर्राफा की दुकान है। उसके पिता की शमसाबाद में ही खिड़की हरसाय में कपड़े की दुकान है। आरोप है कि आकाश ने अपने फेसबुक एकाउंट पर एक ग्रुप बनाया। इसमें आपत्तिजनक पोस्ट किए। इसके बाद इसे वायरल कर दिया। इसी के चलते कस्बा का माहौल बिगड़ा। उसकी फेसबुक आईडी पर प्रोफाइल फोटो के माध्यम से उसकी पहचान कर ली गई। कुछ लोगों ने उस पर हमला कर दिया था। गला घोटकर उसकी हत्या की कोशिश की गई थी। इसके विरोध में हिंदु संगठनों ने थाना पर हंगामा किया। तभी से माहौल बिगड़ता चला गया। डीआईजी लक्ष्मी सिंह ने बताया कि आकाश को गिरफ्तार कर लिया गया है।
स्थानीय पुलिस की मदद से इनके नाम पते मालूम कर सूची तैयार कर ली गई है। लेकिन इनमें से ज्यादातर घर छोड़कर रिश्तेदारी में जाकर छुप गए हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आज से इनकी रिश्तेदारी में भी दबिश दी जाएगी। इन पर बलवे की धाराओं में कार्रवाई होगी। इनके खिलाफ एनएसए भी लगाया जाएगा। पुलिस की ओर से दर्ज दो मुकदमों में 52-52 लोग नामजद हैं जबकि कुल आरोपी 400 हैं। इन 104 नामजद के अलावा 100 की पहचान हो चुकी है।
विज्ञापन

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें