दिव्य की अपहरण की वजह फिरौती मानी जा रही है। इसके अलावा दूसरा कोई कारण अभी तक सामने नहीं आया है। उसके परिवार का कहना है कि उनकी किसी से कोई रंजिश नहीं। हालांकि देर रात फिरौती के लिए कोइ फोन नहीं आया। दूसरी ओर जिस तरह से वारदात अंजाम दी गई, उससे माना जा रहा है कि इसमें कोठी के किसी जानकार का हाथ हो सकता है। बदमाशों को मालूम था कि दिव्य किस समय साइकिल चलाता है? यह भी जानते थे कि वहां उनका कोई विरोध करने वाला नहीं होगा। बदमाश ठीक उस समय पहुंचे, जब दिव्य साइकिल चलाता है। उन्हें इसका भी अंदाजा था कि वह साइकिल चलाते हुए गेट के नजदीक आ जाता है। कोठी काफी बड़ी है। इसमें साइकिल चलाने के लिए काफी जगह है। एक बदमाश ने अंदर झांककर देखा। उसे शायद यह भी मालूम था कि दिव्य के साइकिल चलाते समय उसकी दादी के सिवाय कोई और वहां नहीं होता है। तभी वह अकेला ही अंदर घुस गया। बदमाशों के पास यह भी जानकारी रही होगी कि गेट बाहर की तरफ से भी खुल जाता है।
शास्त्रीपुर की ओर भागे बदमाश
पुलिस जब बिट्टू की तलाश में ओवरब्रिज की तरफ पहुंची, तो वहां कुछ लोगों ने बताया कि एक कार और एक बाइक शास्त्रीपुरम की ओर गई है। माना जा रहा है कि वाहन बदमाशों के होंगे। यहां के सीसीटीवी फुटेज भी पुलिस निकलवा रही है।
बाइक का नंबर ट्रेस नहीं
दिव्य का अपहरण कर ले जाने वाले बदमाशों का हुलिया तो लोगों ने नोट किया लेकिन कोई बाइक का नंबर नहीं पढ़ पाया। सीसीटीवी फुटेज में भी यह नजर नहीं आ रहा है। इसी तरह कार का नंबर भी ट्रेस नहीं हो पाया है।
मिनट दर मिनट
6:55 बजे : प्रतीक वार्ष्णेय की कोठी के अंदर एक बदमाश झांक रहा है।
6:56 बजे : कोठी के अंदर दिव्य साइकिल से गेट की तरफ आ रहा है।
6:57 बजे : बदमाश ने गेट खोला, दिव्य को साइकिल से उठा लिया।
6:57 बजे : दिव्य चिल्लाया, मम्मी मम्मी, बदमाश से छूटने की कोशिश की।
6:58 बजे : बदमाश दिव्य को घर से बाहर लाया, वहां बाइक स्टार्ट करे उसका साथी खड़ा था।
6:58 बजे : एक पल गंवाए बगैर बदमाश बाइक पर बैठ गया, दोनों भाग निकले।
6:58 बजे : बदमाशों की बाइक के पीछे सफेद रंग की कार जाती दिख रही है।
7:02 बजे : दिव्य की मां मोना कार लेकर सिकंदरा की ओर गई।
7:03 बजे : पुलिस को फोन से घटना की सूचना दे दी गई।
7:13 बजे : पुलिस पहुंच गए, दिव्य की तलाश शुरू कर दी गई।
7:20 बजे : पुलिस ने आस पास के सीसीटीवी फुटेज में घटनाक्रम देखा।
7:30 बजे : विधायक जगन गर्ग पहुंचे, घटना की जानकारी ली।
8:10 बजे : बदमाशों की बाइक के पीछे गई दिव्य की मां वापस आई।
8:15 बजे : एसएसपी डा. प्रीतिंदर सिंह पहुंचे, दिव्य के परिवार से बात की।