सराफ की चांदी हड़पने के लिए दो कारीगरों ने लूट की झूठी कहानी बना दी। थाना हरीपर्वत में पुलिस को सूचना दी तो हड़कंप मच गया। पुलिस ने घटनास्थल देखा और सराफ तक के बयान दर्ज किए। मगर, लूट की पुष्टि नहीं हो सकी। इसके बाद सराफा बाजार में लगे सीसीटीवी कैमरे के फुटेज खंगाले गए तो लूट का सच सामने आ गया। कारीगरों ने चांदी हड़पने के लिए लूट की कहानी बनाई थी। पुलिस ने दोनों से चांदी बरामद कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
सरस्वती कुंड, मथुरा निवासी अमित सिंह सराफ से चांदी ले जाकर मथुरा में कारखाना में सप्लाई करता है। वहां से आभूषण बनवाकर लाता है। शुक्रवार को किनारी बाजार से एक सराफ से तकरीबन 26 किलोग्राम चांदी लेकर आया था। उसका साथी सचिन भी साथ था। रात दस बजे थाने पहुंचकर उसने पुलिस को सूचना दी कि शाम सात बजे वह रिक्शे से चांदी लेकर आ रहे थे। तकरीबन 25 किलोग्राम चांदी एक बैग में रखी थी, जबकि एक किलोग्राम चांदी दूसरे बैग में रखी थी। सीओ हरीपर्वत आफिस और एमडी जैन इंटर कालेज के बीच में पीछे से दो बाइक पर चार बदमाश आए। उन्होंने कम चांदी वाला बैग लूट लिया। दोनों ने दुकानदार को फोन करके बुलाया। पुलिस ने लूट का मुकदमा दर्ज कर लिया। शक होने पर इंस्पेक्टर थाना हरीपर्वत ने उनसे गहनता से पूछताछ की। किनारी बाजार में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज देखे। इसमें दोनों कारीगर पहले बाजार से निकलते दिखे। पांच मिनट बाद ही वह फिर से रिक्शे से लौट गए। इस पर पुलिस ने लौटने का कारण पूछा। सख्ती दिखाने पर उन्होंने सच बता दिया। कहा, रास्ते में चांदी को अपने परिचित के पास रख आए थे। पुलिस ने परिचित के घर से चांदी बरामद कर ली। दोनों के खिलाफ धारा 182 की कार्रवाई की गई। उन्हें जेल भेजा गया है।