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सेतु निगम का एक करोड़ का स्क्रैप हड़पा

Sun, 05 Feb 2017 11:03 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो आगरा।
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Fraud
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एत्मादपुर स्थित राज्य सेतु निगम के प्लांट से एक करोड़ से अधिक का लोहे का स्क्रैप ठेकेदार ने हड़प लिया। पुलिस ने ठेकेदार के पार्टनर सहित चार को पकड़ा है। एक ही नंबर की दो गाड़ियों में स्क्रैप भरवाकर यह धोखाधड़ी की गई। इसमें निगम के कर्मचारियों की मिलीभगत की भी आशंका पुलिस ने जाहिर की है। जांच की जा रही है।
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सीओ कोतवाली राजेश कुमार द्विवेदी ने बताया कि पुलिस ने चेकिंग में शनिवार रात को धूलियागंज से एक स्विफ्ट कार को रोका। दो लोग कार से भाग गए, जबकि एक को पकड़ लिया। पकड़े गए युवक ने अपना नाम रवि (कुडवाडा, थाना मांट, मथुरा) बताया। वहीं फरार साथियों के नाम फैयाज हुसैन (रतूपुरा, थाना ठाकुरद्वारा, मुरादाबाद) और नाजिर हुसैन उर्फ लाला (फतेहउल्ला गंज, मुरादाबाद) बताया। सीओ ने बताया कि एत्मादपुर स्थित कुबेरपुर में राज्य सेतु निगम का कार्य चल रहा है। स्क्रैप (लोेहा आदि मैटेरियल) उठाने का ठेका नौ जनवरी को नई दिल्ली की हिमालया इंटरप्राइजेज कंपनी ने लिया था। इसका प्रोपराइटर नसीम है। वहीं पकड़ा गया रवि कंपनी में पार्टनर है। उसने पुलिस की पूछताछ में बताया कि उन्होंने सेतु निगम की साइट के पास ही अपना एक गोदाम बना रखा है। साइट से माल लोड होने के बाद उसे धर्मकांटा पर नापतौल के लिए भेजा जाता है। साइट से डीसीएम के लिए निकलते ही वह कम वजन की डीसीएम को धर्मकांटा पर भेजते थे। इन दोनों गाड़ियों का नंबर और रंग भी एक ही रखा जाता था, जिससे किसी को शक नहीं होता था। सेतु निगम के कर्मचारी को अपनी कार में एक पार्टनर लेकर आता था, जिससे वह घपले को पकड़ नहीं पाता था। इससे एक बार में 20 से 25 टन माल का चूना सेतु निगम को लग रहा था। गैंग अब तक एक करोड़ रुपये का स्क्रैप हड़प कर चुके हैं। इस मामले में राज्य सेतु निगम के अधिकारियों ने थाना एत्मादपुर में मुकदमा दर्ज कराया है। वहीं कोतवाली में एसआई अशोक शुक्ला ने मुकदमा दर्ज कराया है।
तीन डीसीएम के तीन चालक भी आए हाथ
रवि की निशानदेही पर उत्तर प्रदेश राज्य सेतु निगम की लोहे की स्क्रैप से भरी चार डीसीएम और एक खाली डीसीएम मिली। रवि के साथ ही चालक जाहिद अंसारी (वार्ड नंबर-18, थाना ठाकुरदास, मुरादाबाद), अमित कुमार (सोनिया बिहार, समापुर, दिल्ली) और सत्यवीर (थाना अनूपशहर, बुलंदशहर) को पकड़ा है।
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अजमेर में शिक्षा विभाग को भी लगाया चूना
गैंग के इरशाद ने बंद कोच की मल्टीवाल अल्प बोर्ड मिल प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के नाम से राजस्थान के माध्यमिक शिक्षा बोर्ड में भी ठेका लिया था। वहां भी इसी तरह से तकरीबन 72 लाख रुपये का स्क्रैप की चोरी की थी। इस मामले में अजमेर के सिविल लाइंस थाना में मुकदमा भी दर्ज कराया गया है। गैंग के पकड़े जाने की जानकारी राजस्थान पुलिस को भी दी गई है।
अधिक रेट पर लेते हैं स्क्रैप का ठेका
सीओ ने बताया कि गैंग के लोग ही कंपनी के अधिकृत अधिकारी बनते थे। इसके बाद ठेका लेने के लिए मार्केट रेट से ज्यादा रकम लगाते थे। इस कारण कोई दूसरी कंपनी रेट नहीं लगा पाती थी। इस वजह से गैंग को ठेका मिल जाता था। वहीं यह भी आशंका है कि गैंग बंद कंपनी के नाम पर ठेका लेते हैं। हलद्वानी और मथुरा सहित बिहारी में भी इसी तरह धोखाधड़ी की बात सामने आई है। जांच की जा रही है।
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