फिरोजाबाद। ग्रामीण बैंक ऑफ आर्यावर्त ओखरा नारखी के प्रबंधक पर जानलेवा हमले का मुख्य आरोपी बसपा नेता लोकेश पिप्पल ने बुधवार को न्यायालय में सरेंडर कर दिया। न्यायालय ने उसे जेल भेजा है। आरोपी की गिरफ्तारी की मांग को लेकर बैंक प्रबंधक के परिजनों ने एसपी सिटी से गुहार लगाई थी।
मोहल्ला दुली निवासी बैंक प्रबंधक अंकित चतुर्वेदी (28) को रविवार के दिन दोपहर को बसपा नेता लोकेश पिप्पल ने अपने दो साथियों के साथ गोली मार दी थी। इसमें अंकित गंभीर रूप से घायल हो गए थे। घायल को गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में ले गए थे। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए थाना पुलिस लगातार दबाव बना रही थी। इधर परिजनों ने भी एसपी सिटी राजेश कुमार सिंह से व्यापारी नेता रवींद्र लाल तिवारी, सवर्ण संगठन के कौशल किशोर उपाध्याय के साथ भेंट की थी। उन्होंने पुलिस के रवैये पर सवाल उठाते हुए लाइसेंस निरस्त किए जाने की मांग की थी।
बैंक प्रबंधन ने डीजीपी तक से भेंट की थी। बुधवार को बसपा नेता खुद लोकेश पिप्पल अपने कुछ साथियों के साथ न्यायालय के प्रांगण में पहुंचा। अपने अधिवक्ता डीडी अग्रवाल के साथ एसीजेएम द्वितीय अशोक कुमार को न्यायालय में सरेंडर कर दिया। न्यायालय में उसे जेल भेजने का आदेश दिया है। इधर घायल बैंक प्रबंधक के परिजनों ने पुलिस के रवैये पर सवाल उठाया है। उन्होंने कहा कि घटना को अंजाम देने के बाद वह शहर में सक्रिय रहा। एसएचओ उत्तर प्रवींद्र कुमार सिंह ने कहा गोली मारने के आरोपी बसपा नेता लोकेश पिप्पल की गिरफ्तारी के लिए एक टीम दिल्ली भेजी थी। लेकिन उसने न्यायालय में सरेंडर कर दिया है।