मैनपुरी। पुलिस लाइन में तैनात दरोगा राधारमण यादव का शुक्रवार सुबह आरटीसी भवन के बाथरूम में शव मिला। एसपी, एएसपी के पहुंचने पर शव निकाला गया। उनके गले में फंदा लगा हुआ था। वहीं फंदा खुलने के बाद शव दरवाजे से टिक गया था। दरोगा बुधवार शाम से ही लापता थे। पुलिस लगातार उसकी तलाश कर रही थी। शुक्रवार सुबह आरसीटी भवन से बदबू आने पर जानकारी मिली।
राधारमण यादव निवासी कानपुर देहात के थाना गजनेर क्षेत्र के गांव रतावा का शव बाथरूम के दरवाजे से टिका हुआ पड़ा था। सूचना पर पहुंची एसपी और अन्य अधिकारियों की टीम ने जंगला काटकर उसे निकाला।
काफी देर तक फोरेंसिक की टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर नमूने एकत्रित किए। डाग स्कवैड ने भी काफी देर सुरागकशी की। बाद में दरवाजे को कटर से काटने के बाद दरोगा का शव बाहर निकाला गया।
दरोगा राधारमण यादव कानपुर देहात के गांव को कुछ समय पूर्व किशनी थाने में तैनाती के दौरान एक महिला को अश्लील संदेश भेजने के मामले में एसपी राजेश एस ने लाइन हाजिर कर दिया था। करीब एक माह पूर्व उन्हें बहाल किया था। तभी से वह बंदी ड्यूटी कर रहे थे। बुधवार को ड्यूटी खत्म होने के बाद शाम से ही उनका मोबाइल स्विच आफ हो गया।
गांव से पत्नी ने कई बार फोन किया मगर जब कोई जवाब नहीं मिला तो उन्होंने आरआई लाइन से जानकारी ली। मगर वहां भी मामले को गंभीरता से नहीं लिया गया। गुरुवार को राधारमण ड्यूटी पर नहीं आए तो उनकी खोजबीन शुरू कर दी गई। शाम को उनकी मोबाइल लोकेशन नगला पजाबा के समीप मिली। हर जगह तलाश के बाद भी कोई जानकारी नहीं हो सकी थी।
शुक्रवार सुबह दरोगा का शव आरटीसी भवन के बाथरूम में पड़ा मिला। जानकारी होने के बाद मृतक परिवारीजनों केे होश उड़ गए। पत्नी और दोनों भाईयों का रो-रोकर बुरा हाल था। पुलिस ने शव को सील कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
वहीं एसपी राजेश एस ने बताया कि दरोगा की तलाश की जा रही थी। बाथरूम से बदबू आने के बाद जब दरवाजा काटा गया तो गले में फंदा कसा शव मिला। मामले की जांच की जा रही है।