घिरोर (मैनपुरी)। खनन रोकने गए दरोगा को ट्रैक्टर से रौंदने की कोशिश व मारपीट कर जेसीबी छुड़ा लेने के मामले में बुधवार को दो नामजद समेत 10-15 अज्ञात लोगों पर रिपोर्ट दर्ज की दई है। अधिकारियों के संज्ञान में आने के बाद यह कार्रवाई की गई है।
दरोगा ओमवीर सिंह शनिवार को कांस्टेबल सोनू, राकेश व अन्य के साथ गश्त पर थे। तभी कोसमा जाने वाले मार्ग पर एक जेसीबी मिट्टी की खोदाई करते मिली। उन्होंने जेसीबी चालक से इतनी रात को खोदाई की वजह व कागजात दिखाने को कहा। इस पर जेसीबी चालक ने मालिक संतोष यादव व पप्पू यादव निवासी नगला बाग फूलसहाय थाना सिरसागंज फिरोजाबाद को फोन कर बुला लिया था। उनके साथ 10-15 अन्य लोग भी लाठी-डंडा लेकर आ गए। दरोगा को जातिसूचक गालियां देने के साथ ही जान से मारने की धमकी दी। साथ ही ट्रैक्टर से रौंदने की कोशिश की थी। हमलावरों ने मारपीट कर जेसीबी भी छुड़ा ली थी। घटना के बाद दरोगा ने थाने में तहरीर दी लेकिन तीन दिन बीतने के बाद भी रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। मामला जब अधिकारियों के संज्ञान में आया तब बुधवार को संतोष यादव व पप्पू यादव व 10-15 अज्ञात हमलावरों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कर ली गई।
प्रभारी निरीक्षक की कार्यशैली पर सवाल
दरोगा की ओर से शनिवार को अपने ऊपर हुए हमले की जानकारी घटनास्थल से दी गई। इसे बाद थाने आकर तहरीर दी गई। लेकिन पूरे मामले में प्रभारी निरीक्षक की कार्यशैली पर सवालिया निशान लगे। तीन दिन बीतने के बाद भी मामला तक दर्ज नहीं किया गया। बुधवार में जब अमर उजाला ने खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया। तब अधिकारियों के आदेश पर मामला दर्ज कर पुलिस कार्यवाही में जुट गई।
वर्जन
दरोगा की ओर से घटना की जानकारी दी गई थी। उन्होंने तहरीर बुधवार को दी है। तहरीर मिलते ही मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस दोषियों पर सख्त कार्रवाई करेगी।
आदित्य कुमार, प्रभारी निरीक्षक