कासगंज। कोरोना की चौथी लहर के खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है। अब अस्पतालों पर पहुंचने वाले बुखार पीड़ितों की कोरोना की जांच अनिवार्य कर दी गई है। वहीं, विदेश और बाहरी राज्यों से आने वाले लोगों की भी कोरोना की जांच विभाग कराएगा।
दिल्ली, हरियाणा के साथ ही प्रदेश में भी कोरोना के मामले बढ़ने लगे हैं। गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, हापुड़, मेरठ, बुलंदशहर, बागपत, लखनऊ, कानपुर और आगरा में कोरोना के मामले आने लगे हैं। इससे कोरोना की चौथी लहर के आने की संभावना तेजी से बढ़ रही है। इस समय मौसम के मिजाज के चलते लोग बुखार, सर्दी, खांसी का शिकार हो रहे है। कोरोना के भी मरीज के अधिकतर यही लक्षण सामने आते है। ऐसे में बीमारियों के प्रकोप को देखते हुए विभाग ने अपनी सतर्कता बढ़ा दी है। जिला अस्पताल सहित सभी सामुदायिक एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर पहुंचने वाले बुखार पीड़ित मरीजों की कोरोना की जांच को अनिवार्य कर दिया गया है। इसके साथ ही विभाग ने एक बार फिर से विदेश या दिल्ली, हरियाणा आदि राज्यों से आने वाले यात्रियों की कोरोना की जांच कराने के लिए अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं। बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन आदि स्थानों पर जांच के लिए शिविर लगाने की व्यवस्था की जा रही है।
बुखार मरीजों की बनाई हेल्प डेस्ट
जिला अस्पताल पर बुखार मरीजों के लिए अलग से हेल्प डेस्क बनाई गई है। ताकि बुखार मरीजों का अलग से डाटा तैयार हो सके। ऐसे मरीजों की कोरोना जांच अनिवार्य कर दी गई है- डा. एसपी सिंह सिद्घू, सीएमएस
बढ़ाई सतर्कता
कोरोना की चौथी लहर के खतरे को देखते हुए सतर्कता बढ़ा दी गई है। बाहर से आने वाले यात्रियों की कोरोना की जांच कराई जाएगी। इसके साथ ही जांच का दायरा बढ़ाने के निर्देश दे दिए गए हैं- डा. अनिल कुमार, सीएमओ