LPG New Rule: एलपीजी गैस सिलिंडर इस्तेमाल करने वाले लाखों उपभोक्ताओं के लिए बड़ी खबर है। करीब 50 हजार एलपीजी उपभोक्ताओं ने अभी तक ई-केवाईसी नहीं कराई है, जिसके चलते उनकी गैस सब्सिडी बंद होने का खतरा है। उपभोक्ताओं को 30 जून तक बायोमेट्रिक सत्यापन के साथ ई-केवाईसी कराने का मौका दिया गया है, यह प्रक्रिया पूरी तरह निशुल्क है।
पेट्रोल-डीजल और रसोई गैस संकट के बाद अब एलपीजी उपभोक्ताओं की सब्सिडी पर संकट मंडरा रहा है। जिले में 3.40 लाख उज्ज्वला और 10 लाख सामान्य उपभोक्ता हैं। इनमें करीब 50 हजार उपभोक्ताओं ने ई-केवाईसी नहीं कराई है। इन्हें 30 जून तक मौका दिया गया है। ई-केवाईसी नहीं कराने पर सब्सिडी बंद हो जाएगी।
रसोई गैस का 14 किलो का सिलिंडर करीब 945 रुपये का है। उज्ज्वला उपभोक्ताओं को 300 रुपये सब्सिडी मिलती है। पहले साल में नौ सिलिंडर पर सब्सिडी का लाभ मिलता था। नियमों में बदलाव के बाद अब इसे साल में चार सिलिंडर तक सीमित किया है। इसके साथ ही ऐसे उपभोक्ता जिन्होंने ई-केवाईसी नहीं कराई उनकी सब्सिडी पूर्ण रूप से बंद हो जाएगी।
जिला पूर्ति अधिकारी आनंद कुमार ने बताया कि ई-केवाईसी के लिए 30 जून तक मौका है। ई-केवाईसी के लिए बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण अनिवार्य है। तेल कंपनियों के एप से ऑनलाइन भी ई-केवाईसी सुविधा है। इसके अलावा एलपीजी वितरक या डिलीवरी कर्मी की मदद से भी उपभोक्ता ई-केवाईसी करा सकते हैं। यह प्रक्रिया पूर्ण रूप से निशुल्क है।
इंडेन डिस्ट्रीब्यूटर्स एसोसिएशन के संभाग अध्यक्ष विपुल पुरोहित ने बताया कि ऐसे उपभोक्ता जिनकी गैस ट्यूब एक्सपायर्ड हो गई है या उन्होंने ई-केवाईसी नहीं कराई, उनकी डिलीवरी भी प्रभावित हो सकती है।