आगरा सोमवार को सूबे में दूसरा सबसे ठंडा शहर रहा। कानपुर के बाद आगरा में पारा सबसे कम दर्ज किया गया। लगातार तीसरे दिन सूरज नजर नहीं आया। इससे बेहद सर्द हवा शूल की तरह से चुभी और दिन में पारा सामान्य से 10 डिग्री सेल्सियस नीचे रहा। मौसम विभाग के मुताबिक अगले तीन दिनों में मौसम में बदलाव के आसार हैं और सुबह घने कोहरे के बाद सर्द हवा का प्रकोप जारी रहेगा। 20 और 21 जनवरी को बारिश के आसार बन रहे हैं।
सोमवार सुबह से ही घने कोहरे और शीतलहर के कारण गलन भरी सर्दी ने लोगों को बेहाल कर दिया। लोगों का पूरा दिन कांपते और ठिठुरते हुए ही बीता। दिन में अधिकतम तापमान 12.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जो इस सीजन में सबसे कम है। दिन में पारा सामान्य से 10 डिग्री नीचे रहा। न्यूनतम तापमान 7.1 डिग्री सेल्सियस रहा जो सामान्य से एक डिग्री कम रहा। दिन में धूप न निकलने के कारण सर्द हवा से पानी बर्फ सरीखा हो गया, जिसमें हाथ पर डालते ही सुन्न होने का एहसास होता रहा।
2.2 डिग्री तक जा चुका है पारा
जनवरी में अब तक रिकॉर्ड तोड़ सर्दी 16 जनवरी 1935 को रही, जब पारा माइनस 2.2 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया था। सबसे गर्म जनवरी 26 जनवरी 1991 को रही, जब तापमान 33 डिग्री दर्ज किया गया था। सबसे ज्यादा बारिश का रिकॉर्ड 9 जनवरी 1957 के नाम है, जब 49.5 मिमी बारिश ने जनवरी में कई दिन कड़ाके की ठंड रखी।
सूबे में ताजनगरी
शहर अधिकतम न्यूनतम
कानपुर 11.6 4.6
आगरा 12.1 7.1
हमीरपुर 12.2 6.2
बरेली 12.8 8.3
अलीगढ़ 13.4 7.4
20-21 जनवरी के बीच बारिश के आसार
मौसम विभाग के पूर्वानुमान केंद्र के मुताबिक, हिमालय की पहाड़ियों पर वेस्टर्न डिस्टरबेंस की दस्तक हो चुकी है। इससे मैदानी इलाकों, खासकर आगरा समेत पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बारिश के आसार बन रहे हैं। पहाड़ों पर बर्फबारी तो मैदानों में बारिश के आसार हैं।