आगरा के मंडलायुक्त अनिल कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ किसी भी दिन आगरा और मथुरा में औचक निरीक्षण कर सकते हैं। ऐसे में निर्माणाधीन परियोजनाओं को समय से पूरा कराया जाए। अधिकारी इनका निरीक्षण करते रहे। गोशालाओं में भी जाएं, वहां गोवंश को ठंड से बचाने का इंतजाम करें। लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को अगर निर्माण कार्य में कोई अड़चन आ रही है तो वे संबंधित डीएम से संपर्क कर उसे दूर कराएं।
मंडलायुक्त ने गुरुवार को कैंप ऑफिस से वर्चुअल एप के माध्यम से आगरा, मथुरा, फिरोजाबाद और मैनपुरी के 50 लाख से 50 करोड़ रुपये तक लागत के निर्माण कार्यों समीक्षा की। मंडल में 80 परियोजनाएं हैं। इन्हें समय पर पूर्ण कराने व निगरानी के लिए मंडलायुक्त ने प्रत्येक जिले में विभिन्न विभागों के अफसर नामित किए थे। 30 से अधिक अफसरों ने प्रगति नहीं बताई। ऐसे में संबंधित जिलों के डीएम के लिए लापरवाह अफसरों से स्पष्टीकरण और तीन दिन में रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं करने पर इनका वेतन रोकने व विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
मथुरा और फिरोजाबाद के अफसरों ने नहीं किया विकास कार्यों का निरीक्षण
50 करोड़ लागत की 30 परियोजनाएं अधूरी पड़ी हैं। अफसरों ने लापरवाही की है। न रिपोर्ट भेजीं, न निरीक्षण किए। परियोजनाओं के लिए नामित अफसरों से उनकी लापरवाही पर तीन दिन में स्पष्टीकरण मांगा जाए। ये निर्देश आगरा, मथुरा और फिरोजाबाद के डीएम को मंडलायुक्त अनिल कुमार ने बृहस्पतिवार को विकास कार्यों की समीक्षा के बाद दिए हैं।