उन्होंने कहा कि रेलवे अभी पुराने प्रोजेक्ट को पूरा कर रहा है। नई
ट्रेन चलाने की अभी योजना नहीं है। वर्तमान रेलवे मार्गों पर 125-150 फीसदी
तक ट्रैफिक है। ऐसे में नई गाड़ी चलाने से टाइमिंग की दिक्कत आएगी। इसलिए
ट्रेनों में स्लीपर कोच बढ़ाने पर विचार है। 24 कोच की ट्रेन चलाने की
कोशिश है। इसके लिए प्लेटफार्म लंबे करने होंगे। आगरा कैंट स्टेशन पर जुलाई
में इंटीग्रेटेड सिस्टम पर काम शुरू हो जाएगा। अहमदाबाद-मुंबई हाई स्पीड
कॉरीडोर बनाने को रिसोर्स और तकनीक की जरूरत है, जो हमारे पास नहीं है।
इसलिए इन दोनों चीजों का इंतजाम किया जा रहा है। तत्काल टिकट कराने के लिए
दो सरवर लगा दिए है।