जिला कारागार का निरीक्षण करते विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव कमल सिंह, साथ में जेल प्रशासन के अधि
मैनपुरी। विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव कमल सिंह ने जिला कारागार का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान दो बंदियों ने सरकारी अधिवक्ता की मांग की। दोनों ने गरीबी का हवाला देते हुए कहा कि वह निजी तौर पर अधिवक्ता करने में सक्षम नहीं हैं। इस पर सचिव कमल सिंह ने बंदियों के प्रार्थना पत्र प्राधिकरण में भेजने के निर्देश जेल प्रशासन को दिए।
अस्पताल का निरीक्षण करने पर सेप्टिक से पीड़ित बंदी के बेहतर इलाज के निर्देश दिए गए। वहीं उन्होंने बैरकों में जाकर बंदियों की समस्याएं सुन उनका जल्द समाधान कराने का आश्वासन दिया। निरीक्षण के दौरान जेल अधीक्षक कोमल मंगलानी और जेलर पवन त्रिवेदी ने सचिव को कारागार की बैरक संख्या एक, दो, पांच, छह, सात ए- बी, आठ ए- बी, 10 ए का निरीक्षण कराया।
सचिव ने बंदियों की समस्याएं सुनीं। जेल अस्पताल में 12 बंदी उपचाराधीन मिले। वहां बंदी विश्वेश्वर सिंह ने बताया कि उसके पैर में सेप्टिक हो गई। यहां इलाज के बाद भी कोई आराम नहीं है, उसे बेहतर इलाज के लिए मेडिकल कालेज सैफई भिजवाया जाए। बंदी की मांग पर उन्होंने चिकित्साधिकारी डा. आशुतोष मिश्रा को बंदी के उचित इलाज के निर्देश दिए। इस दौरान डिप्टी जेलर रतन प्रिया, चीफ लीगल काउंसिल हृदय कुमार चतुर्वेदी, जेल विजिटर सुनील कुमार, कार्यालय लिपिक संदीप सिंह, उपेंद्र कुमार मौजूद रहे।