आगरा के किरावली में इंजीनियरिंग वर्क्स शॉप मालिक को घर बुलाकर गोली मारने के आरोपी को कोर्ट से जमानत नहीं मिल सकी। जिला जज संजय कुमार मलिक ने आरोपी का जमानत प्रार्थनापत्र खारिज कर दिया।
किरावली निवासी मोनू पालीवाल कस्बा में ही इंजीनियरिंग वर्क्स की दुकान चलाते हैं। 11 मई को वह दुकान पर बैठे थे। आरोप है कि उन्हें दुकान मालिक वीरेंद्र चाहर के बेटे ज्ञानेंद्र ने बुलाया। इसके बाद अपनी लाइसेंसी बंदूक से गोली मार दी।हाथ में गोली लगी। उन्होंने अपने दोस्त देवेंद्र को फोन कर बुलाया। तब वह उन्हें अस्पताल में ले गया। उधर, घटना के बाद आरोपी भाग गया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा।
मोनू ने पुलिस को दिए बयान में कहा था कि ज्ञानेंद्र ने फोन कर अपने घर बुलाया था। रात 9:10 बजे वह आरोपी के घर पहुंचा। ज्ञानेंद्र उसे पहली मंजिल पर बने कमरे में ले गया। अपने बेटे को बाहर भेजकर दरवाजा बंद कर लिया। इसके बाद अपने भाई रोहित से बात करने का विरोध किया। दुकान खाली करने का दबाव बनाया। विरोध पर गोली मार दी, जो उसके दाएं हाथ के कंधे में लगी। आरोपी ने जिला जज की अदालत में जमानत प्रार्थनापत्र प्रस्तुत किया था।