मैनपुरी। नागरिकता संशोधन कानून के प्रति शनिवार को शहरवासियों को डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने जागरूक किया। जनजागरण शांतिमार्च में शामिल डिप्टी सीएम ने करीब तीन किलोमीटर का सफर पैदल तय किया। इसके बाद सहकारी बैंक परिसर में उन्होंने लोगों को नागरिकता संशोधन कानून की बारीकियां बताईं।
शनिवार को डिप्टी सीएम ने हजारों कार्यकर्ताओं के साथ करहल चौराहे से शांति मार्च की शुरुआत की। करहल रोड होते हुए वह बड़े चौराहे के रास्ते शहर के प्रमुख बाजार में दाखिल हुए। इस बीच उपस्थित पार्टी नेताओं ने लोगों को सीएए से जुड़े पत्रक बांटे।
बाजार होते हुए डिप्टी सीएम सहकारी बैंक परिसर तक पैदल पहुंचे। यहां उन्होंने सभा को संबोधित करते कहा कि यह कानून शरणार्थियों को नागरिकता देने के लिए है। भारत के अल्पसंख्यकों विशेषकर मुसलमानों का सीएए से कोई अहित नहीं होगा। उन्होंने कहा कि नागरिकता संशोधन अधिनियम को लेकर चलाए जा रहे जागरूकता कार्यक्रमों से लोगों के बीच फैली भ्रांतियां दूर हुई हैं, अब मुसलमान भी शांति मार्च में शामिल हो रहे हैं।
प्रदेश की कानून व्यवस्था पर उन्होंने कहा कि अपराधी किसी भी जाति धर्म का हो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सरकार की संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले जेल जाएंगे। नुकसान की भरपाई उनकी संपत्ति से सरकार कर रही है।
कार्यक्रम को राज्य मंत्री बीएल वर्मा ने भी संबोधित किया। एकरसानंद आश्रम के महामंडेश्वर स्वामी हरिहरानंद महाराज, राज्यसभा सांसद हरनाथ सिंह यादव, सहकारी बैंक के सभापति नरेंद्र सिंह राठौर, जिलाध्यक्ष प्रदीप चौहान, पूर्व विधायक अशोक सिंह चौहान, पूर्व जिलाध्यक्ष आलोक गुप्ता, शिवदत्त भदौरिया, प्रेम सिंह शाक्य, शिवओंकार नाथ पचौरी, सुमंत गुप्ता, चेयरमैन मनोरमा देवी, कलक्टर सिंह राजपूत, राहुल राठौर, सौरभ दुबे सहित बड़ी संख्या में पार्टी नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। संचालन अजय पाल और अनूप मिश्रा ने किया।
और जब खो गया डिप्टी सीएम का जूता
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने हजारों कार्यकर्ताओं के साथ शांति मार्च की शुरुआत करहल चौराहे से की। करहल चौराहे से चले डिप्टी सीएम का जूता भीड़ में कहीं गुम हो गया। सुरक्षाकर्मी और पार्टी नेता भीड़ के बीच जूता खोजने लगे। जूता मिलने के बाद डिप्टी सीएम आगे बढ़े।